संवाद न्यूज एजेंसी
नगर बाजार/वाल्टरगंज(बस्ती)। वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के धमौरा के पास स्थित शराब के ठेके से कुछ दूरी पर एक युवक का शव झाड़ियों में मिलने से हलचल मच गई। युवक की पहचान नगर थाना क्षेत्र के ग्राम खडौआ खुर्द निवासी संविदाकर्मी यशवंत (29) के रूप में हुई है। युवक की बाइक घटनास्थल से करीब 30 किलोमीटर दूर मिलने से हत्या की आशंका जताई जा रही है। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर छानबीन शुरू की है।
बताया गया कि यशवंत गोरखपुर में पुलिस आवास निगम में संविदा पर कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत थे। उनके बड़े भाई हेमंत भी इसी पद पर प्रयागराज में कार्यरत हैं, जबकि पिता दिल्ली में रहकर एक कंपनी में काम करते हैं। यशवंत की मां गीता देवी ने बताया कि मंगलवार शाम करीब आठ बजे वे छुट्टी लेकर घर आ रहे थे। वह नगर बाजार तक पहुंच भी गए थे, लेकिन घर नहीं आए।
रात भर उनके मोबाइल फोन पर संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया। बुधवार सुबह सूचना मिली कि वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के ग्राम धमौरा के सिवान में एक शव पड़ा है। मौके पर गए तो मामले की जानकारी हुई। वहीं युवक की बाइक दुबौलिया थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन बैरागल टोल प्लाजा के पास मिली है। बाइक पर पुलिस के स्टीकर लगे हुए थे।
थाना निरीक्षक वाल्टरगंज ज्ञानेंद्र कुमार राय ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही मौत का कारण स्पष्ट होगा। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। वहीं, घटना के बाद से गांव में मातम पसरा हुआ है। शव और बाइक का अलग-अलग जगह मिलने से लोग तरह-तरह की आशंका जता रहे हैं। वहीं पुलिस अभी पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है।
अविवाहित थे यशवंत : खड़ौआ खुर्द निवासी मृतक यशवंत अविवाहित थे। उनके बडे भाई हेमंत व बहन कंचन पाल विवाहित हैं। उनके पिता ओम प्रकाश दिल्ली मे रहकर प्राइवेट नौकरी करते हैं। जवान बेटे के मौत की खबर सुनकर वह दिल्ली से निकल चुके हैं। यशवंत की मौत से उनकी मां गीता देवी व परिजन का रो-रोेकर बुरा हाल है। परिजन अभी किसी तरह की आशंका नहीं जता रहे हैं।
कई जगह दिखे खून के धब्बे
धमौरा के चौकीदार दिलीप कुमार की सूचना पर डायल 112, थाना पुरानी बस्ती व थाना वाल्टरगंज की पुलिस मौके पर आई। टीम ने लोगों से पूछताछ की। स्थानीय लोगों के मुताबिक गौरा तिराहे से लेकर घटनास्थल तक सड़क पर खून के धब्बे मौजूद हैं। लोगों ने आशंका जताई है कि किसी ने युवक की हत्या कर बाइक से शव को ठिकाने लगाने की कोशिश की है। इसी दौरान उसके दोनों पैर के अंगूठे व अंगुली सड़क से रगड़ने से खून के निशान बन गए हैं। वहीं फॉरेंसिक टीम के अवधेश कुमार व अजय कुमार ने साक्ष्य जुटाए हैं।