गांधीनगर पक्के बाजार में पार्किंग न होने से परेशानी संवाद
बस्ती। नगर पालिका परिषद बस्ती में मुख्यमंत्री वैश्विक नगर विकास योजना और कई अन्य विभागों की संचालित परियोजना पर करोड़ों रुपये खर्च हो रहे हैं। कई विकास परियोजनाएं धरातल पर उतर चुकी हैं तो कुछ चल रही हैं, लेकिन एक बुनियादी कमी इनपर भारी पड़ती दिख रही है।
शहर के प्रमुख स्थलों पर तैयार हो रहे पार्क, सड़क, ओपेन जिम और कामर्शियल दुकानों के पास भविष्य में वाहन पार्किंग की व्यवस्था नहीं बनाई गई है, जिससे शहर की सड़कों पर वाहनों का बोझ और जाम की समस्या और अधिक गंभीर होती जा रही है। बता दें कि पीडब्ल्यूडी, बीडीए की विकास योजनाओं के साथ ही नगर पालिका की ओर से मुख्यमंत्री वैश्विक नगर विकास योजना और 15वें वित्त आयोग की धनराशि से कई जनहितकारी कार्य कराए जा रहे हैं। मगर यहां पार्किंग की व्यवस्था नहीं की जा रही है। जबकि शहर के मुख्य बाजारों और व्यावसायिक क्षेत्रों में पहले से ही जाम की स्थिति बनी रहती है, यहां भी पार्किंग की व्यवस्था न होने से स्थिति और बिगड़ेगी।
पार्किंग की व्यवस्था फाइलों में लटकी : शहर में जाम और अतिक्रमण की सबसे गंभीर स्थिति पुरानी बस्ती में है। राजा बाजार, करुआबाबा, रेलवे क्राॅसिंग पांडेय बाजार, कंपनीबाग, फौव्वारा, कटरा, रोडवेज और दक्षिण दरवाजा समेत अन्य स्थान समेत लगभग सभी जगहों पर जाम की स्थिति रहती है।
गांधीनगर में भी समस्या : शहर के मुख्य बाजार पक्के गांधीनगर में भी आने वाले लोग पार्किंग के लिए परेशान रहते है और अंत में मजबूर होकर सड़क के किनारे पटरियों पर ही अपनी गाड़ियां खड़ी कर देते हैं। पक्के बाजार की तो स्थिति तो यह है कि यहां सड़क के बीच में जहां डिवाइडर नहीं बने हैं, वहीं बीच सड़क पर लोग अपनी गाड़ियां खड़ी करते हैं। वहीं पीडब्ल्यूडी ने बड़ेवन-कंपनीबाग सड़क को चौड़ा करके फोरलेन कर दिया, लेकिन जिम्मेदार पार्किंग बनाना भूल गए हैं। नतीजा यह है कि सड़क के दोनों ओर सरकारी या निजी वाहन अपना वाहन पार्किंग बना लिए हैं।