छावनी। विक्रमजोत में ब्लॉक प्रमुख उम्मीदवारों को नामांकन पत्र के
लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। गुरुवार को पर्चा बिक्री काउंटर न होने और आरओ
के अनुपस्थित रहने पर बीडीसी सदस्य को विपक्षी राजनीतिक दलों के साथ धरने
पर बैठने के बाद प्रमुखी का पर्चा मिल पया।
पूरे दिन ब्लॉक परिसर
में नारेबाजी और धरना प्रदर्शन का सिलसिला चलता रहा। ब्लॉक मुख्यालय पर एक
भी जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं था। तीन बजे के बाद आरओ वहां पहुंचे और
पर्चा देकर धरना समाप्त कराया।
लजघटा से निर्वाचित बीडीसी सदस्य
भरतलाल चौधरी विक्रमजोत ब्लॉक से प्रमुख पद का पर्चा खरीदने गुरुवार को
समर्थकों के साथ पहुंचे। वहां पर पर्चा बिक्री का कोई काउंटर नहीं लगा था
और न ही आरओ मौजूद थे। भरत लाल ने बताया कि घंटों तक ब्लॉक पर घूमता रहे
किसी बात की जानकारी ही नहीं हो पा रही थी।
मुख्यालय पर कोई
जिम्मेदार अधिकारी मौजूद ही नहीं था। आरओ का मोबाइल बंद था। उन्होंने आरोप
लगाया कि सत्ता से जुड़े एक व्यक्ति को निर्विरोध ब्लॉक प्रमुख बनाने के
चक्कर में यह सब किया जा रहा था। इसके बाद बसपा के हर्रैया विधान सभा
प्रभारी अशोक सिंह तथा भाजपा नेता देवेंद्र सिंह को इसकी जानकारी दी गई।
दोनों लोग ब्लॉक पर पहुंचे और धरने पर बैठ गए। धरने की खबर मिलने के बाद
करीब तीन बजे आरओ ब्लॉक पर आए और पर्चा देकर धरना समाप्त कराया।
अशोक
सिंह ने कहा कि सत्ता के बल पर सपा हर पद को हासिल कर रही है। विधान सभा
चुनाव में जनता इसका जवाब दे देगी। आरओ शफील अहमद ने बताया कि बच्चे की
तबीयत खराब हो गई थी। इसलिए नहीं आ पाया था। पर्चा दे दिया गया है।