बस्ती। छावनी थाना क्षेत्र के नगरा बदली गांव की विवाहिता 22 वर्षीय
जहांआरा शनिवार को जिंदगी की जंग हार गई। सुबह ही उसकी मौत हो गई। चार दिन
पहले उसे बुधवार की भोर में 90 प्रतिशत झुलसी अवस्था में जिला अस्पताल में
भर्ती कराया गया था।
आरोप है कि थाना क्षेत्र के नगरा बदली गांव
में मदरसा शिक्षक मोहम्मद शमीम के साथ ब्याही जहांआरा को उसके ससुराल वालों
ने 29 दिसंबर की देर रात मिट्टी का तेल डालकर जला दिया था। मायके वालों ने
उसे बुधवार की भोर में जिला अस्पताल में भर्ती कराया था।
डॉक्टर
ने विवाहिता की हालत नाजुक देख उसी दिन मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज
कराया था। जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही जहांआरा ने खुलेआम ससुराल वालों पर
उसे जिंदा जलाने का आरोप लगाया था। बताया था कि उसके पति शमीम का उसकी
जेठानी से नाजायज संबंध है। एक रात उसने दोनों को पकड़ लिया था।
उससे
खार खाई जेठानी ने मंगलवार की रात उस पर मिट्टी का तेल उड़ेेलकर आग लगा दी
थी। इस वारदात में जहांआरा के पति शमीम ने उसका साथ दिया था। डॉक्टरों के
अनुसार, जहांआरा 90 प्रतिशत झुलस चुकी थी। शनिवार की सुबह जहांआरा जिंदगी
की जंग हार गई। इसकी जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के
लिए भेज दिया है।
प्रभारी निरीक्षक छावनी रवींद्र कुमार गौतम ने
बताया कि इस मामले में जहांआरा के पिता की तहरीर पर ससुराल वालों पर पहले
ही जानलेवा हमले, दहेज के लिए प्रताड़ित करने की धारा में मुकदमा दर्ज कर
ससुुर को गिरफ्तार किया जा चुका है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद
मामला दहेज हत्या में बदल जाएगा। पति समेत तीन अन्य आरोपियों की तलाश की जा
रही है।