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बयान, जांच रिपोर्ट लेकर टीम लखनऊ रवाना

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जांच - फोटो : amar ujala
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बस्ती। 
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प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना में वर्ष 2015-16 व 16-17 में जिम्मेदारों ने खुलकर धांधली की। इसमें वर्ष 2016-17 में सर्वाधिक गोलमाल हुआ। मंसूरनगर तरैनी के छिटपुट किसानों के खातों में पोर्टेबल स्प्रिंकलर योजना की अनुदान राशि जो सबसे कम थी उसे भेजा गया, मगर उनसे यह रकम भी वापस ले ली गई। इसके अलावा योजना का धन एक ऐसे गांव के किसानों को भेजा गया, जिसका चयन ही नहीं हुआ। इस गांव में योजना की बड़ी रकम वाला कार्य दिखाया गया है। 
जिले में उक्त योजना के तहत 88 लाख रुपये गोलमाल का मामला तब प्रकाश में आया जब डीएम अरविंद कुमार सिंह की पहल पर इसकी जांच हुई। जांच में गौर ब्लॉक के मंसूरनगर तरैनी सहित जिले के अन्य ब्लॉकों के कई गांवों में संचालित किए जाने वाली योजना में अधिकारियों की साठगांठ से सरकारी धन की बंदरबांट की गई। इसकी पुष्टि तब हुई जब सोमवार को लखनऊ में उद्यान विभाग के वित्त नियंत्रक जय मंगल राव, संयुक्त निदेशक उद्यान लखनऊ डॉ. राघवेंद्र प्रताप सिंह, उप निदेशक उद्यान बस्ती डॉ. जय भगवान ने स्थलीय सत्यापन के बाद जाते-जाते यह खुलासा किया। 
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जिला उद्यान अधिकारी मुन्ना यादव ने बताया कि जांच में इस बात की पुष्टि हुई है कि 2015-16 व 16-17 में फर्जी किसानों के नाम पर लाखों रुपये का भुगतान फर्जी खातों में किया गया है। वित्त नियंत्रक उद्यान व उनकी टीम ने बैंक खातों को खंगालने के बाद यह जानकारी दी है। कहा कि चयन से दूर एक गांव देवरिया रामपुर के फर्जी किसानों को बड़ी रकम का भुगतान किया गया है। कहा कि इस मामले में किसानों के बयान तथा स्थलीय सत्यापन में सब कुछ खुल कर सामने आ गया। जांच टीम अपनी रिपोर्ट शासन को सौंप देगी। इसके बाद जो भी कार्रवाई का निर्देश शासन ने मिलेगा किया जाएगा। 

विकास कार्यों की जांच करने पहुंचे बीडीओ

दुबौला। 
गौर ब्लॉक के दुबौला ग्राम पंचायत में हो रहे विकास कार्यों की हकीकत जानने के लिए बृहस्पतिवार को प्रभारी बीडीओ डॉ. सतीश चंद्र पाठक पहुंचे। यहां गांव के प्राथमिक विद्यालय परिसर में चौपाल लगाकर ग्रामीणों से बातचीत कर कार्यों की हकीकत जानी। 
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ग्राम पंचायत के विकास कार्य मसलन खड़ंजा, पोखरे की खुदाई, आवास वितरण में धांधली, अन्य विकास कार्यों में गोलमाल की शिकायत कर्मियां निवासी देवी प्रसाद शुक्ल ने की थी। इस शिकायत को डीएम अरविंद कुमार सिंह ने गंभीरता से लेते हुए गौर के बीडीओ को जांच सौंपी है। बीडीओ डॉ. पाठक ने बताया कि पहले चरण में ग्रामीणों से बात की गई है। जो कुछ बयान ग्रामीणों ने दिया है उसे दर्ज कर लिया गया। अब मतगणना के बाद विकास कार्यों का भौतिक सत्यापन किया जाएगा। चौपाल में ग्राम प्रधान उमेश कुमार, बद्री विशाल, अर्जुन, प्रवीन शुक्ला, गंगा प्रसाद, रमेश, देवी शुक्ला, गोवर्धन, सूर्यमणि, गिरिजेश, वीरेन्द्र पांडेय, राजेन्द्र यादव आदि उपस्थित रहे। 
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