एक बेड पर सोते हैं दो बाल अपचारी
बस्ती। शहर के पचपेड़िया स्थित बाल संप्रेक्षण गृह में क्षमता से अधिक बाल अपचारी रह रहे हैं। अव्यवस्था का आलम यह है कि यहां सोने लिए दो अपचारी को एक सिंगल बेड दिया गया है। कम क्षमता वाले इस संप्रेक्षण गृह को लेकर जिम्मेदार गंभीर नहीं हैं। यहां तक की कई वर्षों से यह गृह किराए के भवन में चल रहा है।
नगर पालिका क्षेत्र में स्थापित इस संप्रेक्षण गृह में महज 30 अपचारियों के रहने की व्यवस्था है, इसके बावजूद यहां 65 बाल अपचारियों को रखा गया है। हालांकि इन्हें समाज की मुख्य धारा से जोड़ने के लिए शिक्षा के साथ-साथ, कंप्यूटर आदि की जानकारी दी जा रही है। भोजन भी इन्हें मेन्यू के हिसाब से ही दिया जाता है। लेकिन इस गृह की सुरक्षा को लेकर कोई खास इंतजाम नहीं किए गए हैं। इस संप्रेक्षण गृह की सुरक्षा व्यवस्था में कहने को आठ होमगार्डों की तैनाती की गई है, लेकिन इनकी ड्यूटी एक साथ नहीं लगाई जाती है। 24 घंटे में शिफ्ट के अनुसार दो-दो होमगार्ड यहां ड्यूटी देते हैं।
जिला प्रोबेशन अधिकारी राकेश कुमार कहते हैं कि चूंकि मंडल में एक ही बाल संप्रेक्षण गृह है। इस वजह से यहां बच्चों की संख्या ज्यादा है। बेहतर व्यवस्था दिए जाने का प्रयास किया जाता है।