संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। सरयू नदी के उस पार आंबेडकरनगर सरहद पर बसे जिले के तीन गांव की पांच हजार आबादी का अभिशाप अब खत्म होने वाला है। 84 कोसी परिक्रमा मार्ग बिन मांगे इनकी मुराद पूरी करने वाली है।
परिक्रमा मार्ग के पहले फेज की टू-लेन सड़क को आंबेडकर नगर जनपद के शृंगी ऋषि आश्रम तक पहुंचाने के लिए दुबौलिया ब्लॉक क्षेत्र के सरयू नदी के सेरवाघाट पर पुल का निर्माण भी प्रस्तावित है। इससे नदी उस पार रहने वाले नागरिक अपने थाना, ब्लॉक, तहसील और जिला मुख्यालय से सीधे जुड़ जाएंगे।
जिले के हर्रैया तहसील के माझाकिता अव्वल, देवरारगंगबरार का एक पुरवा और आराजीडूही धर्मूपुर मुस्तहकम का एक पुरवा सरयू नदी के उस पार रचे बसे होने से अभिशप्त है। इन गांवों में न तो सरकारी योजनाएं सही ढंग से पहुंच पाती हैं, और न ही यहां के नागरिक अपने थाना, ब्लॉक, तहसील या जिला मुख्यालय आसानी से पहुंच पाते हैं। बाढ़ के दौरान यहां के नागरिकों की दुर्दशा और बढ़ जाती है। नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण प्रशासनिक सहायता भी इन गांवों में नहीं पहुंच पाती है। यहां के नागरिक अनाथ बनकर किसी तरह बाढ़ के समय चार महीने तक गुजर बसर करते हैं। बाकी आठ महीने इनकी जिंदगी नाव पर गुजरती है।
इस पार खेती बारी और थाना, ब्लॉक, तहसील, जिला मुख्यालय होने से नाव के सहारे इन्हें नदी पार करके आना- जाना पड़ता है। बाढ़ के दौरान यहां के नागरिक जरूरत पड़ने पर अयोध्या या टांडा के रास्ते 100 किमी की दूरी तय करके अपने जिला एवं थाना, ब्लॉक पर पहुंच पाते हैं। सरकारी नुमाइंदे तो यदा- कदा ही इन गांवों का भ्रमण कर पाते हैं। परिक्रमा मार्ग के निर्माण में दुबौलिया क्षेत्र के सेरवा घाट पर सरयू नदी पर पुल बनने से इन गांवों का तकदीर संवर जाएगी। आवागमन आसान होने से सरकारी चहल कदमी गांव तक बढ़ जाएगी। यहां के नागरिकों को भी आने- जाने में काफी सहूलियत मिलेगी।
दस मीटर चौड़ी होगी यह टू-लेन सड़क : पीडब्ल्यूडी एनएच खंड बस्ती के अनुसार यह सड़क टू- लेन विद पेप्ड सोल्डर आकार में बनाई जाएगी। दस मीटर चौड़ी हॉट मिक्स प्लांट की सड़क और दोनों तरफ डेढ़-डेढ़ मीटर चौड़ी पटरी बनाई जाएगी। यह टू-लेन सड़क मखौड़ा धाम से शुरू होकर छावनी, महूघाट, हुनमानबाग चकोही, रामबाग व सांड़पुर से सरयू नदी पार कर आंबेडकरनगर के श्रृंगी ऋषि के आश्रम तक बनाई जाएगी। यहां से दूसरा फेज शुरू हो जाएगा।