आशा वर्करों ने मांगा राज्यकर्मी का दर्जा
साथ में संगिनियों ने भी जिला प्रशासन को ज्ञापन दिया
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। आशा बहू स्वास्थ्य समिति ने जिला प्रशासन को ज्ञापन देकर राज्य कर्मचारी का दर्जा और निश्चित मानदेय दिए जाने की मांग की है। आशा कार्यकर्ताओं व संगिनियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया। साथ ही भाजपा नेताओं से चुनाव के दौरान किए गए वादे पूरे करने की मांग की।
समिति की मंडल अध्यक्ष सुशीला देवी के नेतृत्व में बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट परिसर में जुटीं स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने सरकार पर वादा खिलाफी का आरोप लगाया। आशा और संगिनी को संबोधित करने करते हुए मंडल अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं अमित शाह ने जनसभाओं में वादा किया था कि उनकी सरकार बनने पर आशा कार्यकर्ताओं का भविष्य सुरक्षित होगा। निश्चित मानदेय दिया जाएगा। सत्ता में आने के बाद पूर्व में किया गया वादा भाजपा नेता भूल गए और आशा और संगिनी के हितों को हाशिये पर कर दिया गया।
उपाध्यक्ष कंचन राव ने कहा कि सरकार आशा कार्यकर्ताओं के मामले में आवश्यक कदम उठाने में हीलाहवाली कर रही है। आरोप लगाया कि अल्प मानदेय और सुविधाएं देकर सिर्फ शोषण किया जा रहा है। उनका कहना था कि ग्रामीण स्तर तक स्वास्थ्य योजनाओं और मातृ-शिशु मृत्यु दर कम करने में योगदान को नकारा नहीं जा सकता। उन्होंने चेतावनी दी 28 अक्तूबर तक राज्य कर्मचारी का दर्जा और मानदेय सुनिश्चित नहीं किया गया तो 29 से ईको गार्डन लखनऊ में प्रदेश भर की आशा और संगिनियां बेमियादी धरना देंगी। इसकी जिम्मेदारी प्रदेश सरकार की होगी। ज्ञापन देने वालों में रेखा चौधरी, प्रमिला गुप्ता, परमशीला सिंह, गौरा त्रिपाठी, अन्नपूर्णा चतुर्वेदी, इन्द्रावती त्रिपाठी, अन्नपूर्णा, सरिता सिंह, प्रतिभा पांडेय, किशलावती, शैलेन्द्री श्रीवास्तव आदि मौजूद रहीं।