आग ने मचाई तबाही, दो सौ बीघे गेहूं की फसल राख
मानिकचंद (बस्ती)। वाल्टरगंज थाना क्षेत्र के चमरिया, तकियवा, बाढूजोत व धमौरा के सिवान में शनिवार को लगी आग में करीब दो सौ बीघा गेहूं की फसल व डंठल जलकर राख हो गया। खंड विकास अधिकारी सांऊघाट रमेशदत्त मिश्र ने मौके पर पहुंच कर हालात का जायजा लिया।
चमरहिया सिवान में रामकिशन, छठीराम, नरपत, रामसेवक, कोमल, महेंद्र चौधरी, राम चरण सिंह, संगीता राजनारायण, जितेंद्र, संतोष, सुभाष यादव, धर्मेंद्र चौधरी, भारत यादव, दीपक, चरण सिंह, लालमन, बहादुर, रामा, रामअजोर, सुमेर, रामसूरत, कृष्णचंद्र, इंद्रभान, रामकेवल, रामचरित्र बाढ़ूजोत सिवान में शकुंतला, राम सूरत, समुंदर, जलालुद्दीन, सैरुन्निनिशा, दिनेश सहित किसानों का करीब 200 बीघा गेहूं की फसल जलकर नष्ट हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि फायर ब्रिगेड को कई बार फोन करने के बाद भी दमकल मौके पर नहीं पहुंची। ग्रामीणों ने अपने प्रयास से घंटों मशक्कत के बाद किसी प्रकार आग पर काबू पाया गया।
आग से पांच झोपड़ियां राख, भैंस झुलसी
कलवारी/दुबौलिया। जिले के विभिन्न दो स्थानों पर आग लगने से पांच झोपड़ियां राख हो गईं। थाना क्षेत्र के भंगुरा गांव में शनिवार शाम अज्ञात कारणों से लगी आग के कारण चार झोपड़ियां जल गईं। शनिवार देर शाम गांव में भीम चौधरी की झोपड़ी अचानक धू-धू कर जलने लगी। जब तक लोग कुछ समझ पाते देखते ही देखते चतुर्भुज, टांसी व राजमन विश्वकर्मा के घर को अपने आगोश में ले लिया। टांसी की झोपड़ी में बंधी भैंस भी झुलस गयी है। ग्रामीणों व फायर की मदद से आग पर काबू पाया गया। आग लगने के कारण का पता नहीं चल पाया है। इसी क्रम में दुबौलिया थाना क्षेत्र के सरवनपुर पांडे गांव में छप्पर में आग लग गई, जिससे उसमें रखा सामान जलकर राख हो गया। रामसुंदर चौधरी गांव के बाहर झोपड़ी बनाकर रात में रहते थे। शुक्रवार देर रात अचानक झोपड़ी में आग लग गई जिससे झोपड़ी में रखा मोटर ट्रैक्टर, थ्रेशर, आदि उपकरण सहित करीब 10 कुंतल गेहूं, फर्नीचर, भूसा तथा कुछ नकदी जलकर राख हो गई। राजस्व कर्मी कमलेश मिश्र ने क्षति का आकलन किया।