पीसी महालनोबिस के जन्म दिवस पर उप निदेशक अर्थ एवं संख्या कार्यालय में सांख्यिकी दिवस मनाया गया। प्रशासनिक सांख्यिकी विषय पर गोष्ठी का आयोजन हुआ। इसकी अध्यक्षता उप निदेशक एनएन राय ने की।
गोष्ठी में देश में सांख्यिकी का विकास में प्रो. पीसी महालनोबिस के योगदान पर चर्चा हुई। बताया गया कि उनकी प्रसिद्धी उनकी प्रमुख संकल्पना महालनोबिस दूरी के कारण हुई। यह उनके द्वारा सुझाई गई एक सांख्यिकीय माप है। यह खोज उनके द्वारा कोलकोता में एंग्लोइंडिएन समाज पर एकत्रित आंकड़ों के विश्लेषण के क्रम में की गई। उन्होंने कोलकाता में भारतीय सांख्यिकी संस्थान की स्थापना की।
आजादी के बाद प्रो. पीसी को नवगठित मंत्रिमंडल का सांख्यिकीय सलाहकार बनाया गया। द्घितीय पंचवर्षीय योजना में उनके सुझावों एवं अध्ययन के कारण ही औद्योगिकरण को प्रथम वरीयता दी गई। इसी के कारण भारत में उद्योगों के विकास की मजबूत आधारशिला रखी जा सकी। उनका सबसे बड़ा योगदान उनके द्वारा शुरू कराए गए सेंपल सर्वे में रहा। इसी आधार पर आज बड़ी-बड़ी नीतियां और योजनाएं बनाई जा रही है। इस अवसर पर कार्यालय के सभी अधिकार और कर्मियों ने दायित्वों के कुशलता पूर्वक निर्वहन करने का संकल्प लिया। इस मौके पर डीएसटीओ पनव कुमार गुप्त, अपर सांख्यिकीय अधिकारी राम आशीष यादव, मृत्युंजय प्रसाद चतुर्वेदी, शैलजा मिश्रा सहित अन्य मौजूद रहे।