बिजली संविदा कर्मियों ने किया प्रदर्शन
बाधित की आपूर्ति, एक साल से नहीं मिल रहा मानदेय
अमर उजाला ब्यूरो
गौर। पिछले एक वर्ष से मानदेय का भुगतान न होने से बिजली संविदा कर्मियों ने सोमवार को पावर हाउस बेलहिया गौर पर सप्लाई बंद कर विरोध प्रदर्शन किया। विद्युत सब स्टेशन बेलहिया पर तैनात संविदा कर्मियों का गुस्सा आज फूट गया। मानदेय भुगतान को लेकर लगातार उच्चधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद ध्यान न देने का आंदोलनकारियों ने आरोप लगाया।
मानदेय न मिलने से नाराज संविदाकर्मी अब्दुल रहमान, ओम प्रकाश वर्मा, महेंद्र कुमार शुक्ल, चंद्रप्रकाश, विमल, सियाराम, झिनकान, संतोष वर्मा, सूरज, राजमणि, रामदेव, राजनारायन, रंजीत, रामभवन आदि ने पॉवर हाउस पर ताला बंदकर सप्लाई ठप कर दी। आंदोलनकारी मानदेय भुगतान की मांग को लेकर ठेकेदार और निगम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किए। संविदाकर्मियों ने कहा कि भुगतान की समस्या को लेकर 31 दिसंबर को अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड हर्रैया को अवगत कराया गया फिर भी कोई ध्यान नहीं दिया गया। कहा कि मानदेय न मिलने से परिवार के सामने तमाम समस्याएं उत्पन्न हो गई हैं। घर का खर्च चलाने में भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। इतना सब कुछ जानने के बाद भी निगम मौन बना हुआ है। चेताया कि यदि शीघ्र भुगतान नहीं कराया गया तो व्यापक स्तर पर रणनीति बनाकर आंदोलन किया जाएगा। अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड हर्रैया एसपी मिश्रा ने कहा कि संविदाकर्मियों का भुगतान ठेकेदार को कर दिया गया है। एक-दो दिन में चेक उपलब्ध हो जाएगा।
मांगा सात माह का वेतन, ज्ञापन
विक्रमजोत। विद्युत उपकेंद्र विक्रमजोत के संविदा कर्मियों ने वेतन भुगतान न मिलने पर उपकेंद्र गेट पर सामने अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन किया और अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड हर्रैया को ज्ञापन देेकर सात माह के वेतन भुगतान की मांग उठाई।
आंदोलनकारी संविदा कर्मियों ने कहा कि वेतन न मिलने से संविदाकर्मी व उनके परिवार भुखमरी के कगार पर पहुंच गए हैं। चेतावनी दी कि यदि वेतन न मिला तो संविदाकर्मी अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन के लिए बाध्य होंगे। संविदाकर्मियों की हड़ताल के चलते दिन भर क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति प्रभावित रही। इस मौके पर लाइनमैन जगदंबा प्रसाद, संजय मौर्या, अनिल पांडेय, अंकित कुमार, रंजीत गोसाई, जगदंबा, सुखराम, विनोद कुमार मौर्या, शालिग्राम वर्मा, जयराम, प्रवेश कुमार मिश्रा, प्रदीप कुमार मिश्रा, प्रमोद कुमार पांडेय आदि मौजूद रहे।
तौल केंद्र सोनहा मंडप पर गन्ना किसानों का प्रदर्शन
किसानों का आरोप तौल केंद्र पर गायब रहते हैं कर्मी
किसान समस्याओं को नहीं सुनते अधिकारी
अमर उजाला ब्यूरो
सल्टौआ। गन्ना किसानों का दुर्दशा कोई सुनने वाला नहीं है। बजाज हिदुस्तान शुगर मिल लिमिटेड अठदमा की ओर से संचालित गन्ना क्रय केंद्र सोनहा मंडप पर इसका नमूना देख जा सकता है। यहां न तो कोई कर्मचारी रहता है न किसानों को कोई सुविधा मिल रही है। सोमवार को किसान जब अपना गन्ना बेचने तौल केंद्र पर पहुंचे तो यहां पर तैनात किसी कर्मी को न पाकर वे आक्रोशित हो उठे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिए।
पूर्व डायरेक्टर कनिकराम चौधरी, मायाराम चौधरी, साधन सहकारी समिति पिपरा जप्ती के अध्यक्ष सुनील कुमार पांडेय, उदयशंकर पांडेय, राजीव यादव, प्रमोद चौधरी, विनय चौधरी, रूपनरायन ने बताया कि मांग के बाद यहां केंद्र स्थापित किया गया, लेकिन यह केंद्र पूरी तरह अव्यवस्थित है। यहां तौल करने के लिए कभी कोई कर्मी नहीं मिलता। ऐसे में एक बार गन्ना लादकर किसान आते हैं और बैरंग लौट जाते हैं। आरोप लगाया कि गन्ना सचिव व मिल प्रबंधन को सूचना देने के बाद भी इसे संज्ञान में नहीं लिया जाता है। सबसे बड़ी समस्या पर्ची मिलने की होती है। किसानों को जो पर्ची मिलती है, उसकी वैधता महज दो दिन ही होती है। समय बीत जाने के बाद मिल गन्ना लेने से भी इनकार करता है। ऐसे में बिचौलियों के हाथों औने-पौने में बेचने के लिए मजबूर होना पड़ता है। इस क्रय केंद्र से परसा लगड़ा, सरेनी, परसा झुंगिया, आमा, करमहिया, सोनहा, आहर, कोठिला, बनरही जंगल, पड़री, महनुआ आदि गांवों को जोड़ा गया है। गन्ना सचिव डीएस शुक्ल ने कहा कि यह सूचना मिली है कि कांटा बाबू वहां मौजूद नहीं रहते। ऐसे में उन्हें निर्देशित किया गया है कि वे मौके पर रह कर गन्ना खरीदें। यदि ऐसा नहीं हो सका तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।