विद्यालय प्रबंधकों ने जताया विरोध
हर्रैया।
प्रदेश सरकार के गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों को बंद करने के आदेश के विरोध में बुधवार को गैर मान्यता प्राप्त विद्यालयों के प्रबंधक सड़क पर उतर गए। रालोद नेता चंद्रमणि पांडेय के नेतृत्व में पैदल मार्च निकाला। सरकार विरोधी नारे लगाते हुए प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने तहसील में पहुंचकर मुख्यमंत्री और राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार नवीन प्रसाद को दिया।
धरने को संबोधित करते हुए रालोद नेता पांडेय ने कहा कि एक तरफ सरकार बेरोजगारों को रोजगार देने का वादा करती है तो दूसरी तरफ निजी विद्यालयों को बंद कर लाखों की संख्या में युवकों को बेरोजगार करना चाहती है। कहा कि सरकार परिषदीय विद्यालयों के संचालन के लिए ड्रेस, किताब, मिड-डे मील, छात्रवृत्ति आदि मुहैया कराती है लेकिन शिक्षा की गुणवत्ता न होने के कारण अभिभावक अपने पाल्यों को वहां नहीं पढ़ाना चाहते। हालत ये है कि नेताओं और सरकारी कर्मचारियों के बच्चे भी निजी विद्यालयों में पढ़ने जाते हैं, मगर सरकार बिना सोचे-समझे बिना मान्यता के संचालित विद्यालयों को बंद करने का आदेश जारी कर रही है।
ज्ञापन में मांग की कि सरकार गैर मान्यता विद्यालयों में शिक्षण कार्य कर रहे शिक्षकों को रोजगार दे अथवा विद्यालयों को मान्यता। चेतावनी दी कि सरकार ने जारी आदेश वापस नहीं लिया तो आंदोलन होगा। इससे पहले सैकड़ों की संख्या में प्रबंधक और शिक्षक सीएमएस इंटर कॉलेज में एकत्रित हुए। नारेबाजी करते हुए तहसील परिसर में पहुंचे। इस मौके पर सर्वेश यादव, बृजेश यादव, आशुतोष पांडेय, सतीश श्रीवास्तव, राधेश्याम यादव, शिवशंकर, प्रेम शंकर पांडेय, अनिल प्रजापति, संतराम यादव, संजय वर्मा, राम स्वारथ चौरासिया, अवधेश पांडेय, शिवपूजन, राम निरंजन वर्मा, शिवाजी मिश्र, सुधांशु श्रीवास्तव, योगेश कसेरा, बीएन वर्मा, सर्वेश मिश्र, अमित पांडेय सहित तमाम प्रबंधक मौजूद रहे।
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ग्रामीणों ने सड़क पर धान रोप जताया विरोध
हरदिया मार्ग पर विरोध स्वरूप की रोपाई
अमर उजाला ब्यूरो
वाल्टरगंज।
हाईवे से हरदिया चौराहा जाने वाली जर्जर सड़क पर बुधवार को धान रोपाई कर विरोध जताया गया। ग्रामीणों के साथ सड़क पर उतरे जिला पंचायत सदस्य राम प्रकाश चौधरी ने आरोप लगाया कि यह अकेली सड़क नहीं जो बुआई लायक है। यहां क्षेत्र में दर्जन भर से अधिक सड़कें हैं, जिस पर खेती की जा सकती है।
ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र के वाल्टरगंज कस्बे से हरदिया जाने वाली सड़क पर भी जगह-जगह उखड़ गई है। महदो गांव में बारिश के मौसम में पैदल जाने लायक भी नहीं है। बस्ती-डुमरियागंज मार्ग पर स्थित भिटिया चौराहे पर बीच सड़क में जानलेवा गड्ढा बन गया है। भारी वाहनों के आवागमन से सड़क के दोनो किनारों की भी स्थिति दयनीय हो गई है।
हरदिया से वाल्टरगंज जाने वाली सड़क टूटकर गड्ढे में तब्दील हो गई है। सड़क पर ही आसपास के घरों से निकलने वाला गंदा पानी भरा रहता है। बेलहरा गांव में भी अधिकांश घरों का गंदा पानी, जानवरों का मल-मूत्र सड़क पर भरा रहता है। यही स्थिति सल्टौआ गांव में से पूर्व माध्यमिक विद्यालय, सीडीपीओ, कस्तूरबा विद्यालय को जाने वाली सड़क का भी है। इसी प्रकार हाईवे ओवरब्रिज से शहर में जाने वाले सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। इसके कारण इस सड़क पर गिरकर लोग चोटिल हो रहे हैं। क्षेत्र के दसोती गांव से हाईवे को जोड़ने वाली सड़क टूटकर गड्ढों में तब्दील हो गई है। सड़क पर जलजमाव के कारण आने-जाने वालों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।