लॉकडाउन में लाखों गरीबों के जनधन खातों में भेजी गई पांच-पांच रुपये की रकम निकालने के लिए बैंकों में मची मारामारी रोकने के लिए डाक विभाग ने 68 माइक्रो एटीएम सड़कों पर उतारे हैं।
जनधन खातों में सरकार की ओर से भेजी गई रकम निकालने के लिए बैंकों में लगातार भीड़ इकट्ठी होने से सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ रही हैं। बैंक में घुसने के लिए लोगों के बीच धक्का-मुक्की तक हो रही है। इससे कोरोना का खतरा भी बढ़ रहा है। डीएम नितीश कुमार ने बताया कि जनधन खाताधारकों के साथ श्रमिकों और पेंशन स्कीमों के लाभार्थियों की भीड़ बैंक में ज्यादा लग रही है।
एसबीआई ने भी शुरू की जनरथ सेवा एसबीआई ने खाताधारकों को उनके घर पर भुगतान की सुविधा देने के लिए जनधन रथ सेवा की शुरूआत की है। बैंक अधिकारियों का कहना है कि दूर-दराज रहने वाले वे लाभार्थी, जो जनधन खाते से पैसा निकालने के लिए बैंक तक नहीं आ पा रहे हैं।
डाक विभाग का स्टाफ माइक्रो एटीएम लेकर हर गली-मोहल्ले में पहुंचेगा जहां लोग अपने खाते से पैसा निकाल सकेंगे। डाकघर के प्रवर अधीक्षक पीके सिंह ने इसकी सूचना बरेली और पीलीभीत के डीएम को भेज दी है।
इसे रोकने के लिए डाक विभाग की मदद से 68 माइक्रो एटीएम शुरू किए गए हैं। कर्मचारी इसे लेकर गांव-गांव पहुंचकर लाभार्थियों को कैश निकालने की सुविधा प्रदान करेगा। माइक्रो एटीएम से भुगतान के लिए लाभार्थी के पास बैँक खाता, आधार नंबर और एकाउंट से लिंक मोबाइल जरूर होना चाहिए।
उनकी दिक्कत को ध्यान में रखकर यह सेवा शुरू की गई है। इन प्रतिनिधियों को पुलिस सहायता भी दी जाएगी। एसएसपी ने बुधवार को जन धन रथ को हरी झंडी दिखा कर रवाना करेंगे। पहले दिन यह जनरथ सुभाषनगर, किला और मढ़ीनाथ क्षेत्र में पहुंचेगा।