बरेली। 1.85 करोड़ रुपये की लागत से परसाखेड़ा में एनिमल बर्थ कंट्रोल (एबीसी) सेंटर एंड डॉग केयर सेंटर बनकर तैयार हो गया है। यह इसी माह नगर निगम को हैंडओवर हो जाएगा। इसके बाद शहर में घूम रहे आवारा कुत्तों को पकड़ने और उनके बधियाकरण में तेजी आने की उम्मीद है।
आवारा कुत्तों के बधियाकरण के बाद नगर निगम के पशु चिकित्सा व कल्याण विभाग को करीब चार से पांच दिनों तक अपनी निगरानी में रखना पड़ता है। वर्तमान में नगर निगम के पास सिर्फ 40-50 कुत्तों को रखने की ही क्षमता है। जल निगम की निर्माण शाखा (सीएनडीएस) ने परसाखेड़ा में दो हजार वर्गमीटर में एबीसी सेंटर का निर्माण पूरा कर लिया है। इसमें 150 कुत्तों के रखने की व्यवस्था है। सहायक अभियंंता नरेंद्र कुमार ने बताया कि इसी माह प्रक्रिया पूरी कर सेंटर को नगर निगम के हवाले कर दिया जाएगा।
पेट शॉप और सैलून की भी होगी व्यवस्था
एबीसी सेंटर में पालतु कुत्तों के लिए भी सुविधाएं दी जाएंगी। इसमें पेट शॉप और सैलून की भी व्यवस्था होगी। इसमें पालतु कुत्ते और बिल्लियों के बाल काटे जाएंगे। साथ ही, यहां बिक्री के लिए कुत्ते भी उपलब्ध होंगे। उनके खान-पान आदि का सामान भी इस शॉप पर आसानी से उपलब्ध हो सकेगा। सेंटर के ग्राउंड फ्लोर पर ऑपरेशन थियेटर (ओटी), सर्जन रूम, डॉक्टर एंड एग्जामिनेशन रूम, पेट शॉप, सैलून और स्टोर रूम रहेगा। फर्स्ट फ्लोर पर पेंट्री और डॉरमेट्री की सुविधा होगी। वहीं, कम्युनिटी केनल ब्लॉक की सुविधा भी ग्राउंड और फर्स्ट फ्लोर पर उपलब्ध होगी। संवाद
एबीसी सेंटर बनकर तैयार हो चुका है। इसी माह सीएनडीएस इसे नगर निगम को हैंडओवर कर सकता है। इसकी प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। सेंटर मिलने के बाद कुत्तों को रखने में विभाग को काफी आसानी होगी। - डॉ. नैन सिंह, उप नगर स्वास्थ्य अधिकारी व प्रभारी पशु चिकित्सक एवं कल्याण अधिकारी