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UP News: दिवंगत भाजपा विधायक की राजनीतिक विरासत का वारिस कौन... सियारी गलियारों में चर्चाएं तेज

Sun, 04 Jan 2026 12:19 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

सार

बरेली में प्रोफेसर श्याम बिहारी लाल ने लगातार दो बार फरीदपुर सीट से विधायक बनकर इतिहास रचा, लेकिन वह अपनी दूसरी पारी पूरी नहीं कर पाए। दो जनवरी को हार्ट अटैक से उनका निधन हो गया। इसके बाद अब उनकी राजनीतिक विरासत का वारिस कौन होगा, इसे लेकर सियासी गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। 
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दिवंगत भाजपा विधायक प्रोफेसर श्याम बिहारी लाल - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बरेली के फरीदपुर से भाजपा विधायक प्रो. श्याम बिहारी लाल के पंचतत्व में विलीन होने के साथ ही सियासी गलियारे में यह चर्चा शुरू हो गई है कि उनकी राजनीतिक विरासत का वारिस कौन होगा...? प्रो. श्याम बिहारी दो दशक से भाजपा का झंडा लेकर फरीदपुर विधानसभा क्षेत्र में सक्रिय थे। वर्ष 2007 और 2012 के विधानसभा चुनाव में वह जनता की पहली पसंद नहीं बन पाए, मगर भाजपा ने उन पर भरोसा बरकरार रखा। जब वह जनता को भाए तो फरीदपुर विधानसभा क्षेत्र से 2017 और 2022 में लगातार दो बार जीतने वाले पहले विधायक बने।

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फरीदपुर सुरक्षित सीट पर वर्ष 1990 से 2022 तक आठ विधानसभा चुनावों में चार बार सपा, तीन बार भाजपा और एक बार बसपा प्रत्याशी को जीत मिली। प्रो. श्याम बिहारी लाल के निधन के बाद उपचुनाव तय माना जा रहा है। अमूमन बसपा उपचुनावों में प्रत्याशी नहीं उतारती। ऐसे में सियासी लड़ाई सपा व भाजपा के बीच रहेगी। वर्ष 2022 के चुनाव में प्रो. श्याम बिहारी ने सपा के विजय पाल सिंह को मात्र 2921 मतों से मात दी थी। ऐसे में सपा भी कोई कोर-कसर नहीं छोड़ेगी। भाजपा से जुड़े सूत्रों का कहना है कि पहले प्रो. श्याम बिहारी लाल के परिवार में ही संभावना तलाशी जाएगी। अगर परिवार से कोई आगे नहीं आया तो पार्टी किसी अन्य कार्यकर्ता पर दांव लगाएगी।

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आखिरी सफर की गवाह बनी कर्मभूमि 
प्रो. श्याम बिहारी लाल अपने परिवार के साथ बरेली के शक्ति नगर में रहते थे। उनके निधन के बाद माना जा रहा था कि उनकी अंत्येष्टि शहर के ही श्मशान भूमि पर की जाएगी, मगर फरीदपुर की जनता से राजनीतिक और भावनात्मक जुड़ाव को बरकरार रखने के लिए भाजपा नेताओं ने प्रो. श्याम बिहारी लाल के परिजनों से चर्चा की। इसके बाद शुक्रवार की देर रात तय हुआ कि प्रो. श्याम बिहारी लाल के पार्थिव शरीर की अंत्येष्टि फरीदपुर स्थित श्मशान भूमि पर की जाए।

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रिकॉर्ड तो बनाए, मगर पूरी नहीं कर सके पारी 
प्रो. श्याम बिहारी लाल ने फरीदपुर विधानसभा क्षेत्र से लगातार दो बार विधायक चुने जाने का कीर्तिमान रचा, मगर वह दूसरा कार्यकाल पूरा नहीं कर सके। शनिवार को उनकी अंत्येष्टि के दौरान श्मशान भूमि पर मौजूद फरीदपुर के लोगों का कहना था कि विधायक की बेबाकी और अपनी कर्मभूमि के प्रति प्रतिबद्धता लंबे समय तक याद रखी जाएगी।

भाजपा आंवला के जिलाध्यक्ष आदेश प्रताप सिंह ने बताया कि प्रो. श्याम बिहारी लाल प्रख्यात शिक्षाविद और जनप्रिय जनप्रतिनिधि थे। उनका निधन पार्टी के लिए बड़ी क्षति है। फरीदपुर क्षेत्र की जनता उनकी जनसेवा और विकास कार्यों के लिए उन्हें हमेशा याद रखेगी। 
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