बरेली। महिला अस्पताल के रैन बसेरे से लॉन्ड्री ठेकेदार का कब्जा हटवाने बुधवार को जिला प्रशासन के अफसर पहुंचे। ठेकेदार को मौके पर बुलाकर फटकार लगाई। भविष्य में कब्जा करने पर विधिक कार्रवाई की चेतावनी दी। इसके बाद ठेकेदार के कर्मचारियों ने रैन बसेरा खाली किया।
महिला अस्पताल में गर्भवतियों के भर्ती होने पर बाहर इंतजार करने वाले तीमारदारों के लिए वहां रैन बसेरा बनाया गया है। अस्पताल के ही लॉन्ड्री ठेकेदार ने उस पर कब्जा कर लिया था। अफसरों की अनदेखी से वह करीब दो साल तक काबिज रहा। इधर तीमारदार फर्श और टिन शेड के नीचे दिन-रात गुजारने को विवश रहे। मामला को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया तो सीएमएस डॉ. त्रिभुवन प्रसाद ने ठेकेदार को नोटिस जारी किया।
इसके बावजूद ठेकेदार ने रैन बसेरा खाली नहीं किया। इधर, जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने प्रकरण का संज्ञान लेकर एसडीएम सदर प्रमोद कुमार, नायब तहसीलदार विदित कुमार को निरीक्षण के लिए भेजा। अधिकारियों ने ठेकेदार को फटकार लगाई। भवन खाली करने के लिए कहा।
परिसर में मिली गंदगी और शराब की बोतलें
एसडीएम सदर के मुताबिक रैन बसेरे में जगह-जगह गंदगी थी और शराब की बोतलें फेंकी हुई थीं। शौचालय गंदे थे। दीवारों पर कीलें ठोंककर कपड़े सुखाने के तार बंधे मिले। सभी कपड़ों को समेटने समेत समुचित साफ-सफाई के निर्देश दिए। सीएमएस डॉ. त्रिभुवन प्रसाद के मुताबिक ठेकेदार ने भवन खाली कर दिया है। साफ-सफाई करा दी गई है। कर्मचारियों को तीमारदारों को रैन बसेरे में ठहराने के लिए कहा है।