कोहरे की चादर ने रविवार को सूरज को छिपाए रखा। दिन में भी पाला पड़ने से लोग ठिठुरने को विवश हो गए। हालांकि शीतलहर नहीं चली, फिर भी पारा 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान 10.9 डिग्री होने से गलन का अहसास होने लगा। मौसम विज्ञानियों की मानें तो अगले तीन दिन सूर्य देव के दर्शन नहीं होने वाले। मौसम का मिजाज अभी और बिगड़ेगा। 21 और 22 जनवरी को घने बादल छाए रहने और बारिश होने की भी संभावना जताई गई है।
सुबह से ही कोहरे और सूरज के बीच जोरआजमाइश चलती रही लेकिन आसमान में छाए घने कोहरे की चादर को धूप चीर नहीं सकी। दिन में भी कोहरे से पाला इतना बरसा की गलन होने लगी। लोग ठिठुरने लगे। निजात के लिए लोगों को दिन में अलाव का सहारा लेने को विवश होना पड़ा। सोमवार और मंगलवार को भी मौसम विभाग ने कोहरा छाए रहने का अनुमान लगाया है।
गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय पंतनगर के मौसम विज्ञानी डॉ. एचएस कुशवाहा का कहना है कि 21 और 22 जनवरी को बारिश के प्रबल आसार हैं। बरेली में ही पांच से 10 मिलीमीटर तक बारिश हो सकती है।