वक्फ की जमीन बेचने की शिकायत
जाम सावंत गांव के ग्रामीणों ने ज्ञापन देकर बताया कि जाम बाजार क्षेत्र हाईवे से लगा हुआ है, जहां वक्फ की जमीन को गांव के कुछ लोगों ने भूमाफिया के हाथों बेच दिया है। उस पर कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा है। मुख्य शिकायतकर्ता ताहिर को आश्वासन देते हुए डीएम ने कहा कि वह स्वयं मामले की जांच करेंगे। उन्होंने बताया कि इस संबंध में मौलाना शहाबुद्दीन रजवी भी उनसे मिल चुके हैं। फिलहाल जमीन पर किसी भी तरह के निर्माण या लेवलिंग पर रोक रहेगी और स्वरूप बदलने का प्रयास करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।
सभासदों ने स्वास्थ्य सेवा का मुद्दा उठाया
लखीमपुर गांव के युवक ने प्राथमिक स्कूल की शिक्षिका के रोजाना लेट आने की शिकायत पर डीएम ने बीएसए को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए। नगर पालिका सभासदों ने सरकारी अस्पताल में अव्यवस्था, डॉक्टरों के समय पर न आने, एक्स-रे सुविधा बंद होने, एटीएम मशीन न चलने और महिला अस्पताल के सुविधाओं के अभाव में ठप होने की शिकायत की। इस पर डीएम ने सीएमओ को कार्रवाई के आदेश दिए।
तालाब की जमीन पर कब्जे का आरोप
नसीम अहमद ने गाटा संख्या 200/3 तालाब पर नगर पालिका की मिलीभगत से अवैध कब्जा और निर्माण का आरोप लगाते हुए शिकायत की, यह भी आरोप लगाया कि तत्कालीन एसडीएम ने नियमों को दरकिनार करते हुए गलत तरीके से 143 की कार्रवाई भी की है जिस पर सह खातेदारों के हस्ताक्षर भी फर्जी हैं जिसकी जांच कराई जाए। जिस पर डीएम ने जांच के आदेश दिए हैं। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को शिकायतों का शत-प्रतिशत समयबद्ध निस्तारण करने के निर्देश दिए और लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी दी।
जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने कहा कि नैनीताल रोड स्टेट हाईवे बेहद अहम है क्योंकि यह सीधे उत्तराखंड से जुड़ता है। बरसात खत्म होते ही एनएचएआई के अधिकारियों से वार्ता कर इस सड़क का निर्माण शुरू कराया जाएगा और इसे जल्द गड्ढा मुक्त किया जाएगा। केसर रेलवे क्रॉसिंग पर अतिक्रमण और अवैध ई-रिक्शा स्टैंड की शिकायत पर उन्होंने पुलिस को कार्रवाई और नदेली रोड से अतिक्रमण हटाने के लिए नगर पालिका को निर्देश दिए हैं।
हाईवे से फर्जी टीआरपी नंबर के जरिए ओवरलोड ट्रकों के निकलने के मामले में डीएम ने कहा कि यह जांच का विषय है। कुछ ट्रक लिंक रोडों से भी गुजरते हैं, जिन्हें पकड़ा जा रहा है। एसडीएम को पुलिस के साथ रात में ट्रकों की चेकिंग करने के आदेश दिए गए हैं और यदि बॉर्डर पर तैनात टीमों के बावजूद ट्रक निकल रहे हैं तो चेक पोस्ट पर तैनात सभी विभागों के कर्मचारियों से जवाब-तलब किया जाएगा।