हाफिजगंज। संरक्षित पशु को मार रहे लोगों को ग्रामीणों ने दौड़ा लिया। इससे पूर्व आरोपियों ने लड़ाई कर अपने एक साथी को भी छुड़ा लिया। ग्रामीणों ने अज्ञातों के खिलाफ थाने में तहरीर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
थाना हाफिजगंज के गांव कमुआ निवासी तेजपाल ने बताया कि वह रविवार की सुबह 10 बजे गांव के सुरेश, गुडडू के साथ जंगल में लकड़ी बीनने के लिए गए थे। तभी उन्हें संरक्षित पशु के कहराने की आवाज आई। वे नदी की तरफ गए तो अज्ञात लोग एक संरक्षित पशु को घेरकर उस पर हमला कर रहे थे। ग्रामीणों के टोकने पर आरोपी घायल संरक्षित पशु को छोड़ कर भाग निकले। ग्रामीणों ने पीछा कर पर एक व्यक्ति को पकड़ भी लिया, लेकिन कुछ देर बाद आए उसके साथी ने मारपीट कर धमकी दी, फिर सभी फरार हो गए। एसआई गजेंद्र सिंह ने बताया कि मामला झूठा प्रतीत हो रहा है। बारीकी से जांच की जा रही है। संवाद