बरेली। ग्राम प्रधानों को प्रशासक बनाए जाने के बाद उनका मानदेय (पांच हजार रुपये प्रति माह) बंद कर दिया गया है। मंडल में 4013 ग्राम पंचायतें हैं। इस लिहाज से छह माह में सरकार को करीब 12 करोड़ रुपये की बचत होगी। पंचायती राज विभाग इस रकम से ग्राम पंचायतों में आधारभूत सुविधाओं के विकास, स्वच्छता, पेयजल, सड़क-नाली निर्माण आदि की कार्ययोजना तैयार कर रहा है।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, प्रशासन बनने के बाद नियमानुसार प्रधानों का वित्तीय अधिकार समाप्त हो जाता है। ऐसे में प्रशासक कोई प्रस्ताव तैयार करता है तो उसकी स्वीकृति के लिए डीएम के नेतृत्व में गठित समिति की अनुमति अनिवार्य है। ऐसे में गांव के अन्य मामलों में प्रशासक की प्रमुख भूमिका होगी, लेकिन वित्तीय निर्णय लेना का अधिकार नहीं होगा।
जानिए, किस जिले में कितनी ग्राम पंचायतें
जिला ग्राम पंचायतें
बरेली 1188
पीलीभीत 720
शाहजहांपुर 1068
बदायूं 1037
वर्जन
ग्राम प्रधानों को प्रतिमाह पांच हजार रुपये मानदेय दिया जाता है, लेकिन प्रशासक बनने पर मानदेय का प्रावधान नहीं है। इस राशि को ग्राम पंचायतों के विकास के लिए उपयोग करने की योजना है। इसके लिए उच्चाधिकारियों के समक्ष प्रस्ताव रखकर निर्देश लिए जाएंगे। - कमल किशोर, जिला पंचायती राज अधिकारी