बरेली में निलंबित चकबंदी लेखपाल सावन कुमार और उसके भूमाफिया गिरोह पर एसआईटी ने शिकंजा कस दिया है। नई शिकायतें सामने आने पर सावन और उसके गुर्गों के खिलाफ कैंट थाने में दो नए मामले दर्ज किए गए हैं। गिरोह के खिलाफ कुल आठ मामले दर्ज हो चुके हैं।
कांकर टोला निवासी इमरान खां ने बताया कि उन्होंने पिता हथर हुसैन और भाई हारिस के साथ मिलकर मोहनपुर में वर्ष 2005 में 0.2020 हेक्टेयर भूमि रेहाना बेगम से खरीदी थी। रेहाना ने यह जमीन अशफाक अहमद से वर्ष 2001 में क्रय की थी। अशफाक ने मूल विक्रेता सुल्तान खां से वर्ष 1990 में जमीन खरीदी थी।
दूसरे के नाम बनाई फर्जी वसीयत
इमरान के मुताबिक, सावन कुमार जायसवाल, भारत दीक्षित, अमित, विजय अग्रवाल, जगदीश, वीरपाल, कैफ खान, अंकिश त्रिपाठी, मुनीश कुमार, अक्षित सिंह, हरेंद्र सिंह, कातिब प्रदीप सक्सेना, विवेक जायसवाल, सौरभ यादव, रचित, असरार वली, धर्मपाल, सेवाराम, इदरीश खां, इसरार खां और 15-20 महिलाओं-पुरुषों ने गिरोह बनाकर फर्जी वसीयत जगदीश के नाम बनाई। इसमें अमित और वीरपाल ने गवाही दी।
इमरान खां के मुताबिक फर्जी वसीयत के जरिये जगदीश ने अक्तूबर 2022 में 0.20224 हेक्टेयर भूमि का बैनामा अंकिश त्रिपाठी, अक्षित और मुनीश कुमार के नाम कर दिया। सेवाराम और सौरभ यादव ने इसमें गवाही दी थी। मई 2023 में अक्षित ने 418.06 वर्गमीटर जमीन का बैनामा विजय अग्रवाल के नाम कर दिया। इसमें विवेक जायसवाल और सौरभ यादव ने गवाही दी।