पहाड़ की वादियों को ताज नगरी आगरा से जोड़ने वाली आगरा फोर्ट (कुमाऊं एक्सप्रेस) कासगंज ट्रैक तैयार होने के बाद भी नहीं चल पाई है। हालांकि इस गाड़ी को शुरू करने की मांग केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री संतोष गंगवार रेल मंत्री सुरेश प्रभु के सिटी स्टेशन पर हुए कार्यक्रम में कर चुके हैं, लेकिन सुनवाई अभी तक नहीं हुई है।
काठगोदाम से चलकर आगरा तक जाने वाली आगरा फोर्ट (कुमाऊं एक्सप्रेस) एक्सप्रेस दो प्रांतों, यूपी और उत्तराखंड, के बाशिंदों के लिए सबसे महत्वपूर्ण गाड़ी थी। यह गाड़ी रात में चलकर सुबह आगरा फोर्ट पहुंच जाती थी, जिससे कामकाजी लोग दिन भर काम निपटाने के बाद शाम को वापस आने वाली इस गाड़ी से आ जाते थे।
इसी बीच लालकुआं-भोजीपुरा के बीच ब्राडगेज ट्रैक बनाने का जब काम शुरू हुआ तो यह गाड़ी बंद कर दी गई। फिर बरेली-कासगंज ट्रैक बनाया गया। इसके बनने के बाद इस एक्सप्रेस ट्रेन के चलने की उम्मीद जगी थी। यह ट्रैक भी पिछले दिनों ओके हो गया। बारह मार्च से गाड़ियां भी चलने लगीं, लेकिन अभी तक आगरा फोर्ट शुरू नहीं हो सकी है, जिससे लोगों को बेहद दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। रामनगर से आगरा फोर्ट के लिए सप्ताह में एक दिन ट्रेन चलती है। लोगों का कहना है कि अगर इसी ट्रेन को प्रति दिन चलाया जाए या फिर इसे द्विसाप्ताहिक ट्रेन कर दिया जाए तब भी कुछ राहत मिल सकती है।
नैनीताल एक्सप्रेस भी चलाई जाए
लालकुआं-भोजीपुरा लखनऊ जाने वाली नैनीताल एक्सप्रेस को भी बंद कर दिया गया है। इस एक्सप्रेस से अधिकतर उत्तराखंड के लोग लखनऊ से पीलीभीत तक आते थे। मीटरगेज ट्रैक को ब्राडगेज में तब्दील करते हुए इसे बंद कर दिया गया था। अब पीलीभीत तक तो ट्रैक तैयार हो गया है, लेकिन आगे अभी काम चल रहा है, इसलिए यह ट्रेन बंद है और इसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है।
अगर जनता की डिमांड आएगी तो आगरा फोर्ट (कुमाऊं एक्सप्रेस) चलाने का प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा जाएगा। अभी रामनगर से आगरा फोर्ट तक साप्ताहिक एक्सप्रेस चलाई जा रही है, जो प्रमुख स्टेशनों से होते हुए आगरा को जाती है।
- राजेंद्र सिंह, पीआरओ इज्जतनगर मंडल