Three of the new season in program Will apply Sibisis
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विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के च्वाइस बेस्ड क्रेडिट सिस्टम (सीबीसीएस) को लागू करने के फरमान को रुहेलखंड विश्वविद्यालय अगले सत्र से अमलीजामा पहनाएगा। विश्वविद्यालय ने अभी तक केवल एमबीए में ही इसको लागू किया है। पर अगले सत्र से इंजीनियरिंग, परास्नातक और होटल मैनेजमेंट के प्रोग्राम में इसको लागू किया जाएगा। विश्वविद्यालय प्रशासन ने इसकी तैयारी अभी से शुरू कर दी है ताकि सत्र शुरू होते ही इसको लागू किया जा सके।
यूजीसी ने सभी विश्वविद्यालयों में सीबीसीएस लागू करने का आदेश जारी किया था। कई विश्वविद्यालयों ने इसको पूरी तरह से लागू किया तो कुछ ने शुरुआत ही की है। पिछले साल नैक दौरे से पहले विश्वविद्यालय ने एमबीए में सीबीसीएस को लागू किया। हालांकि नैक की टीम ने इस पर सवाल भी उठाए कि बाकी विषयों में इसको लागू क्यों नहीं किया गया। अब शैक्षिक सत्र 2016-17 समाप्त होने वाला है और नए सत्र की तैयारी शुरू हो गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन होटल मैनेजमेंट, इंजीनियरिंग की सभी ब्रांचों और परास्नातक, जिसमें एमए और एप्लाइड साइंस के कोर्स शामिल हैं, उनमें इस व्यवस्था को लागू करने की तैयारी में है। हालांकि होटल मैनेजमेंट और इंजीनियरिंग में लागू करने पर ज्यादा जोर दिया जा रहा है। सीबीसीएस लागू होने से छात्रों को अपने कोर्स के अलावा कुछ दूसरों विषयों को पढ़ने का भी मौका मिलेगा। परीक्षा के अंक भी रिजल्ट में जुड़ेंगे।
कुलसचिव साहब लाल मौर्या ने बताया कि अगले सत्र से कुछ और विषयों में सीबीसीएस लागू करने की तैयारी है। प्रोफेसर की टीम खाका तैयार करने में लगी है।