कैंट इलाके में शातिरों ने धोखाधड़ी से दस्तावेजों पर अपना नाम दर्ज करा लिया और मकान कब्जाने की धमकी दी। परेशान युवक ने जहर खाकर जान दे दी। कैंट थाने में आत्महत्या के लिए मजबूर करने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
बदायूं जिले के कछला निवासी श्यामपाल ने कैंट थाना प्रभारी संजय धीर को बताया कि उनका चौबारी निवासी भतीजा प्रियांशु अपनी नानी के पास रहता था। प्रियांशु को उसकी मां के मामा रविंद्र सिंह ने वसीयत में संपत्ति दी थी। चौबारी निवासी महेंद्र और महेश ने धोखाधड़ी से गलत आदेश करवाकर संपत्ति अपने नाम करा ली। इसका मुकदमा नायब तहसीलदार चौबारी के यहां चल रहा है। महेश और महेंद्र मकान कब्जा करने की धमकी दे रहे थे।
29 अप्रैल को महेंद्र ने सगी बहन सन्नो देवी की पिटाई कर कहा कि तुम्हारे धेवते के कारण एक लाख रुपये खर्च हो चुके हैं। एक लाख रुपये दे दो नहीं तो प्रियांशु की हत्या कर देंगे। प्रियांशु ने 30 अप्रैल को अपने चाचा श्यामपाल को कॉल कर बताया कि महेंद्र और महेश ने लात-घूसों से मारा है। इसलिए अब जीने का मन नहीं है। श्यामपाल ने प्रियांशु को काफी समझाया, लेकिन प्रियांशु ने दो मई को जहर खा लिया। निजी अस्पताल में चार मई को इलाज के दौरान प्रियांशु की मौत हो गई। कैंट थाने में महेश और महेंद्र के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।