शासन स्तर से पूरी हो गई टेंडर प्रक्रिया, 20 करोड़ का हुआ टेंडर
बरेली। बाकरगंज से कूड़ा हटाने की टेंडर प्रक्रिया शासन स्तर से पूरी हो गई है। यहां जमा छह लाख मीट्रिक टन कूड़ा हटाने का काम अगस्त से शुरू हो जाएगा। 20 करोड़ के टेंडर से कार्यदायी संस्था हरी भरी का चयन किया गया है।
बाकरगंज में छह लाख मीट्रिक टन कूड़ा है। अगस्त से इसे हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। पिछले दस साल से भी अधिक समय से बाकरगंज में कूड़ा जमा हो रहा है। समाजसेवी नदीम शम्सी ने इसे हटाने के लिए पिछले साल यहां कई दिनों तक अनशन भी किया था। अब यह काम स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत किया जाएगा। स्मार्ट सिटी परियोजना में धन उपलब्ध होने के साथ ही कूड़ा हटवाने के लिए जल निगम की संस्था सीएंडडीएस को रखा गया है। हरी भरी कंपनी 239 रुपये प्रति टन के हिसाब से कूड़ा हटाने को तैयार है। स्मार्ट सिटी सीईओ अभिषेक आनंद ने बताया कि टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। हरी भरी कंपनी को चुना गया है। काम की मॉनिटिरिंग सीएंडडीएस करेगी।
रोजाना निकलता है 450 मीट्रिक टन कूड़ा
शहर में रोजाना 450 मीट्रिक टन कूड़ा निकलता है। यह पिछले करीब दस सालों से बाकरगंज में जमा हो रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक कूड़ा जमा होने से आसपास क्षेत्र का पेयजल भी दूषित हो चुका है। कई लोग बीमारी के शिकार हो चुके हैं। अब कूड़ा हटने से उन्हें राहत मिलेगी और क्षेत्र को दुर्गंध से भी निजात मिलेगी।
प्लास्टिक, कांच और लोहा अलग होगा
कूड़ा हटाने की प्रक्रिया में यहां संस्था की ओर से बड़ी मशीनें लगाई जाएंगी। यह मशीनें कूड़े से लोहा, प्लास्टिक और कांच को अलग करेगी। इन्हें अलग जगह भेजा जाएगा और इनका प्रयोग किया जाएगा। हालांकि जानकारों के मुताबिक, बाकरगंज कूड़े के पहाड़ में 80 फीसदी से अधिक कूड़ा मिट्टी बन चुका है।