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Bareilly News: एचआईवी संक्रमित कोख से गूंज रही सेहत की किलकारी

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बरेली। शादी के दो दिन बाद पता चला कि पति एचआईवी संक्रमित है। किसी को जन्म से मां से संक्रमण मिला तो किसी की जिंदगी एक गलती से बदल गई। किसी का पहला विवाह टूटा तो किसी ने समाज की बेरुखी झेली, पर इन कहानियों का अंत निराशा से नहीं, बल्कि उम्मीद पर हुआ। नियमित दवा, डॉक्टरों की सलाह से नई पीढ़ी संक्रमण मुक्त हुई।
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जिला अस्पताल के एंटी रेट्रोवायरल थेरेपी (एआरटी) सेंटर के काउंसलर जीशान के मुताबिक, एचआईवी संक्रमित महिलाओं ने 80 बच्चों को जन्म दिया है। इनमें 79 बच्चे एचआईवी निगेटिव हैं, जबकि एक बच्चा संक्रमित मिला है। उन्होंने बताया कि लाल फाटक निवासी मां ने अगर गर्भावस्था के दौरान नियमित दवा का सेवन किया होता तो यह बच्चा भी स्वस्थ होता। बच्चे के पिता भी एचआईवी संक्रमित हैं। वर्तमान में बच्चे, माता-पिता का इलाज जारी है।
काउंसलर ने बताया कि गर्भावस्था के दौरान और बाद में नियमित एंटी रेट्रोवायरल दवा लेने से बच्चों में संक्रमण की आशंका बेहद कम होती है। संक्रमित मां के दूध से भी नवजात के संक्रमित होने की आशंका रहती है, लेकिन चिकित्सकीय निगरानी और दवा के नियमित सेवन से इसकी आशंका भी घटती है।
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तीन क्रमिक जांच के बाद बच्चे माने जाते हैं निगेटिव
एआरटी सेंटर के प्रभारी डॉ. संजीव मिश्रा के अनुसार, एचआईवी संक्रमित मां से जन्म लेने वाले शिशु की जांच डेढ़ माह, तीन माह और 18 माह की आयु में की जाती है। सभी जांचों में रिपोर्ट निगेटिव मिलने पर ही बच्चे को एचआईवी मुक्त माना जाता है। गर्भवती का वायरल लोड यदि टारगेट नॉट डिटेक्टेड स्तर पर पहुंचता है तो गर्भस्थ शिशु में संक्रमण का खतरा बेहद कम रहता है।


केस 1
पीलीभीत निवासी सिख युवक 28 वर्ष की आयु में असुरक्षित शारीरिक संबंधों के कारण एचआईवी संक्रमित हुआ। उसकी 24 वर्षीय पत्नी जन्म से ही संक्रमित थी। उसे मां से संक्रमण मिला था। इनका बच्चा एचआईवी निगेटिव है।
केस 2
शाहजहांपुर निवासी 31 वर्षीय एचआईसी संक्रमित युवक ने 22 वर्षीय संक्रमित महिला से विवाह किया। महिला को पहली शादी के दौरान पति से एचआईवी संक्रमण हुआ था, बाद में तलाक हो गया। इनका जन्मा बच्चा एचआईवी निगेटिव है।
केस 3
बदायूं निवासी 28 वर्षीय युवक को पहली शादी के बाद एचआईवी की पुष्टि हुई। उसकी पत्नी की यह दूसरी शादी थी। विवाह के दो दिन बाद ही पति के संक्रमित होने का पता चला। नियमित उपचार के चलते उनके दोनों बच्चे एचआईवी निगेटिव हैं।
केस 4
बहेड़ी निवासी 23 वर्षीय फल विक्रेता एचआईवी पॉजिटिव मिला। उसकी 27 वर्षीय पत्नी भी एचआईवी संक्रमित है। पत्नी के पहले विवाह से दो बच्चे हैं, जो पूरी तरह एचआईवी निगेटिव हैं। युवक दोनों बच्चों का पालन-पोषण कर रहा है।
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