बरेली। इज्जतनगर थाना क्षेत्र का गांव फरीदापुर चौधरी पशु तस्करी को लेकर एक बार फिर चर्चा में है। यहां पुलिस लगातार दबिश दे रही है। सूचना लीक होने के कारण कोई आरोपी हाथ नहीं आया है। न तो पशु तस्करी के आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़े, न ही बलवाई पकड़े गए।
हाल ही में इज्जतनगर रेलवे मैदान पर प्रतिबंधित पशुओं के अवशेष मिले थे। खुलासे में फरीदापुर चौधरी गांव के दो आरोपियों समेत तीन को पकड़ा गया था। इसी गांव के निवासी नदीम कुरैशी उर्फ बबली, शफीक उर्फ टूटा, नईम व इदरीश का नाम भी इस घटनाक्रम में खोला गया है। पुलिस इनके समेत छह और आरोपियों की तलाश कर रही है। पुलिस टीम ने मंगलवार के बाद बुधवार रात दोबारा गांव में दबिश दी। संबंधित आरोपियों के घरों पर ताले पड़े हैं। महिलाएं व बच्चे भी वहां नहीं हैं।
पिछले साल 26 सितंबर को हुए बरेली बवाल के कई आरोपी भी इसी गांव में रहते हैं जो अब तक गिरफ्तार नहीं हो सके हैं। फरीदापुर चौधरी निवासी रफीक बेग, लईक, शफीक अहमद, जाफर, रिजवान, नासिर, शकील, हसीन और वाजिद बेग का नाम बवाल के मुकदमों में खोला गया है। इनमें से एक आरोपी को जेल भेज दिया गया था। वाजिद बेग का बरातघर भी ध्वस्त कर दिया था। मुकदमे में शामिल आठ आरोपी आज भी पुलिस रिकाॅर्ड में वांछित हैं।