बरेली। ऑल टीचर्स एंड एम्प्लाई वेलफेपर ऐसोसिएसन (अटेवा) के बैनर तले शिक्षक व कर्मचारियों ने बृहस्पतिवार को सेठ दामोदर स्वरूप पार्क से आक्रोश मार्च निकाला। पदाधिकारियों ने कहा कि वे पुरानी पेंशन से ही संतुष्ट होंगे। कलक्ट्रेट तक पैदल मार्च करते हुए प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा गया।
नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन (एनमॉप्स) की ओर से देशभर में आक्रोश मार्च निकाला गया। इसमें शामिल कर्मचारियों व शिक्षकों ने नई पेंशन स्कीम (एनपीएस) व यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) के विरोध में नारेबाजी की। जिला संयोजक डॉ. मुनीष कुमार गंगवार ने कहा कि एनपीएस-यूपीएस शिक्षकों और कर्मचारियों के हित में नहीं है। इसलिए यह स्वीकार्य नहीं है। पुरानी पेंशन दोबारा लागू होने तक विरोध जारी रहेगा। एक देश में दो तरह की पेंशन प्रणाली न्यायोचित नहीं है। इसमें विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी पोस्टर-बैनर लेकर शामिल हुए।
एनई रेलवे मेन्स कांग्रेस, उप्र पंचायती राज ग्रामीण सफाई कर्मचारी संघ, उप्र विश्वविद्यालय-महाविद्यालय शिक्षक महासंघ, उत्तर प्रदेशीय जूनियर हाईस्कूल (पूर्व माध्यमिक) शिक्षक संघ, राजकीय नर्सेज संघ, टीचर्स सेल्फ केयर टीम, प्राथमिक शिक्षक प्रशिक्षित स्नातक एसोसिएशन, राजकीय शिक्षक संघ, महिला शिक्षक संघ, यूटा, बेसिक उर्दू टीचर्स वेलफेयर एसोसिएशन, विशिष्ट बीटीसी शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन, अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा, अल्पसंख्यक महासंघ, उत्तर प्रदेशीय माध्यमिक शिक्षक संघ चंदेल गुट, उप्र प्राथमिक शिक्षक संघ, मिनिस्ट्रियल स्टाफ एसोसिएशन रुविवि, शिक्षक महासभा, उप्र वाणिज्य कर मिनिस्ट्रियल स्टाफ एसोसिएशन, माध्यमिक शिक्षणेत्तर संघ, बरेली ट्रेड यूनियंस, टीईटी शिक्षक संघ, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, कर्मचारी कल्याण मंच, लेखपाल संघ।