बरेली। नगर निगम कार्यकारिणी समिति की बैठक में स्वकर निर्धारण की व्यवस्था का लाभ मई और जून में दिए जाने का निर्णय हुआ, लेकिन जब करदाता फार्म लेकर पहुंचे तो उन्हें निराश होकर लौटना पड़ा। पार्षदों ने नगर निगम के अधिकारियों से शिकायत की है।
नगर निगम की कर वसूली व्यवस्था पर शुरू से ही सवाल उठते रहे हैं। बिलों की त्रुटियों के तमाम मामले सामने आ चुके हैं। अब तक निस्तारण नहीं हुआ है। प्रत्येक संभव समाधान दिवस में भी कर संबंधी आपत्तियों के मामले आते हैं।
कार्यकारिणी समिति की बैठक में 28 अप्रैल उप सभापति सर्वेश रस्तोगी ने स्वकर की व्यवस्था फिर से लागू करने का प्रस्ताव रखा था।
महापौर और अन्य सदस्यों ने समर्थन किया तो उम्मीद जगी थी कि एक मई से स्वकर संबंधी आवेदन स्वीकार किए जाएंगे, लेकिन ऐसा हो नहीं सका।
बताया जा रहा है कि नगर निगम के अधिकारियों ने सात मई को कार्यकारिणी समिति की बैठक का जो ब्योरा जारी किया उसमें भी स्वकर के आवेदन स्वीकार करने संबंधी प्रस्ताव का कोई उल्लेख नहीं था। न ही इस संबंध में कोई आदेश जोनल कार्यालयों तक भेजा गया। ब्यूरो