शाहजहांपुर जेल पहुंचे सपा नेता
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स्वामी चिन्मयानंद पर गंभीर आरोप लगाने वाली छात्रा से मिलने के लिए मिलने के लिए शुक्रवार को इलाहाबाद विश्वविद्यालय की पूर्व अध्यक्ष ऋचा सिंह के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी की महिला सदस्यों का प्रतिनिधिमंडल जेल पहुंचा, लेकिन जेल प्रशासन ने उन्हें यह कहते हुए गेट पर रोक दिया की ऊपर से छात्रा से किसी को भी मिलने की इजाजत नहीं दी गई है।
जेल प्रशासन ने कहा कि अधिकारियों का आदेश मिलने के बाद ही मुलाकात हो सकती है। इसपर सपा प्रतिनिधिमंडल ने एक महिला को अंदर भेजने की बात कही, जिसके लिए प्रशासन में मना कर दिया। इसके बाद समाजवादी पार्टी की महिला प्रतिनिधि सदस्य और सपा जिला अध्यक्ष तनवीर खान, पूर्व विधायक राजेश यादव, पूर्व जिला अध्यक्ष प्रदीप पाण्डेय सहित तमाम नेता गेट के सामने धरने पर बैठ गए और नारेबाजी शुरू कर दी। सपाइयों के बढ़ते आक्रोश को देखते हुए पुलिस बल भी बुला लिया गया है।
छात्रा से मिलने पर रोक लगा दिए जाने के बाद छात्र संघ की पूर्व अध्यक्ष ऋचा ने कहा कि योगी सरकार में महिलाएं न्याय की बात नहीं कह सकतीं हैं, न्याय की बात कहने का मतलब या तो उस महिला को मौत के दरवाजे पर पहुंचा दिया जाएगा या फिर जेल। इसके बाद सभी सपा नेता धरने से उठ कर छात्रा के परिजनों से मिलने उनके घर गए।
बता दें कि इससे पहले गुरुवार को कम्युनिस्ट नेता व पूर्व सांसद वृंदा करात और सुभाषिनी अली ने जेल में बंद छात्रा से मुलाकात की थी। मालूम हो कि फिरौती के आरोपों से घिरी एलएलएम की छात्रा ने एसआईटी के सामने स्वीकार कर लिया था कि जिस गाड़ी में पांच करोड़ की फिरौती वाला मैसेज भेजे जाने को लेकर चर्चा का वीडियो सामने आया है, उसमें वह मौजूद थी। छात्रा के यह स्वीकार करने के बाद एसआईटी ने उसे बुधवार सुबह गिरफ्तार कर लिया था।