भमोरा। कड़ाके की ठंड में रात-रातभर जागकर फसलों की निगरानी कर रहे किसानों का आक्रोश शनिवार को फूट पड़ा। ब्लॉक आलमपुर जाफराबाद की ग्राम पंचायत चंपतपुर के किसानों को छुट्टा पशुओं को इकट्ठा करने के बाद गांव के पंचायत सचिवालय में बंद कर दिया। ग्राम प्रधान व सचिव की सूचना पर पहुंची पुलिस ने इन पशुओं को आजाद कराया। पशुओं को आश्रय स्थल न भेजे जाने को लेकर किसानों में आक्रोश है।
किसानों ने बताया कि ग्राम पंचायत में गोशाला बनाए जाने का प्रस्ताव आया था। अधिकारियों की लापरवाही के चलते यह बन नहीं पाई। क्षेत्र में छुट्टा पशुओं की समस्या विकराल हो चुकी है। रात-रातभर जागकर फसलों की निगरानी करनी पड़ती है। एक भी दिन चूक होने पर पशु पूरी फसल को नष्ट कर देते हैं।
उन्होंने कहा कि गांव वालों ने कड़ी मशक्कत के बाद छुट्टा पशुओं को एकत्रित किया। आश्रय स्थल भिजवाने की बजाय पुलिस ने इन्हें आजाद करा दिया। अब यह फिर फसलों को नष्ट करेंगे।
ग्राम विकास अधिकारी धनंजय ने बताया कि इस मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों को दी गई है। वहीं, आलमपुर जाफराबाद ब्लॉक के खंड विकास अधिकारी हर्षेंद्र कुमार ने बताया कि इतनी बड़ी संख्या में एक साथ आश्रय स्थल भेजने में परेशान आएगी। जैसे-जैसे व्यवस्था होती जाएगी, इन पशुओं को आश्रय स्थल भेजा जाएगा।