पुलिस ने सौतेली मां और पिता को जेल भेजा, बुआ भी हिरासत में
बरेली। आलोकनगर में सात साल की बच्ची की हत्या के सनसनीखेज मामले का एसएसपी ने सोमवार को पुलिस लाइन में खुलासा कर दिया। बच्ची के पिता और सौतेली मां को जेल भेज दिया गया है, जबकि बुआ को भी हिरासत में लिया गया है। पुलिस के मुताबिक, सौतेली मां और बुआ ने अपने अवैध संबंधों में बाधक बनने पर उसकी निर्ममता से हत्या कर दी। रिपोर्ट में दादी का भी नाम है। वादी फुफेरे भाई पर भी उंगलियां उठ रही हैं।
आलोकनगर में चार दिनों से चल रहे घटनाक्रम का सोमवार को पटाक्षेप हो गया। एसएसपी शैलेश पांडेय ने बताया कि सात साल की बच्ची काजल की हत्या के मामले में नगर निगम कर्मी रवि और उसकी पत्नी ऋतु को जेल भेज दिया गया है। बच्ची की बुआ राधा को भी हिरासत में ले लिया गया है। राधा के बेटे सूरज की ओर से अपनी मां, मामा, मामी और नानी शकुंतला के खिलाफ काजल की हत्या की रिपोर्ट कराई गई थी। जांच में पाया गया कि ऋतु के पहले पति कल्लू का भी उसके पास आना जाना था। राधा भी मायके में रहती थी। ऋतु और राधा के पास कई और लोग भी आते जाते थे, इस पर काजल एतराज करती थी। तब दोनों ने भेद खुलने के डर से चाकू, थपनी से वार कर उसकी हत्या कर दी और शव घर में ही गड्ढा खोदकर दबा दिया। रवि ने भी हत्या और शव ठिकाने लगाने में इनकी मदद की। बच्ची की दादी शकुंतला का फिलहाल कोई दोष नजर नहीं आ रहा है। आरोपियों को सजा दिलाने के लिए पुलिस मजबूत तरीके से चार्जशीट दाखिल करेगी। खुलासे के वक्त प्रभारी एसपी सिटी सुशील कुमार, सीओ थ्री श्वेता यादव और इज्जतनगर इंस्पेक्टर केके वर्मा भी मौजूद रहेे।
सबने छुपाया राज, पड़ोसियों की सजगता से खुली वारदात
बुधवार को ही बच्ची की हत्या कर शव गड्ढे में दबा दिया गया था। पड़ोसियों की शिकायत पर यूपी-112 पुलिस मौके पर भी पहुंची थी, लेकिन तब परिवार ने कह दिया कि उनकी कुतिया मर गई है। लोगों ने फिजूल में शिकायत कर दी है। इस पर पुलिस बिना कोई तहकीकात किए लौट गई। शाम को लोगों ने फिर चौकी पर शिकायत की। चौकी पुलिस आई तो घरवालों ने बड़ी बेटी को काजल बताकर सामने कर दिया। इसके बाद पड़ोसियों ने भाजपा नेता मिंटू सिंह से शिकायत की, तब कहीं खुलासे का रास्ता साफ हो सका।
वादी पर भी उठ रही उंगली.. दो दिन क्यों रहा खामोश
हत्याकांड के वादी राधा के बेटे सूरज पर भी उंगलियां उठ रही हैं। सूरज भी अपनी मां के साथ रवि के ही घर में रहता है, लेकिन वह दो दिन तक घटना पर खामोश रहा। जब पड़ोसियों ने लगातार शिकायतें कीं और पुलिस को भी शक हो गया तब सूरज आगे आया और तहरीर देकर शव निकलवाने की मांग की। बाद में बच्ची की दादी शकुंतला भी बहू पर इल्जाम लगाने लगी। पड़ोसियों की मानें तो वादी समेत पूरा परिवार ही हत्या या साक्ष्य मिटाने का आरोपी है। कार्रवाई सभी के खिलाफ होनी चाहिए।
बड़ी बेटी घर लौटी, सीओ ने की पूछताछ
देर रात बैरियर वन चौकी पुलिस की टीम लखीमपुर खीरी के मोहम्मदी पहुंची और वहां रिश्तेदारी में भेजी गई बड़ी बेटी संध्या को ले आई। सुबह घर आई 11 साल की संध्या बेहद डरी-सहमी दिखी। उसे अपनी छोटी बहन की हत्या की जानकारी पहले से थी। सीओ थ्री श्वेता यादव ने भी उससे पूछताछ की।
बच्ची की हत्या में फिलहाल उसकी सौतेली मां, पिता और बुआ आरोपी हैं। इन्हें जेल भेजा जा रहा है। विवेचना में कुछ और नाम सामने आएंगे तो उन्हें भी शामिल किया जाएगा। - शैलेश पांडेय, एसएसपी