सैकड़ों लोगों को फंसाया
कन्हैया गुलाटी और उसके साथियों को लेक कई खुलासे हो रहे हैं। पता लगा है कि कई राज्यों के सैकड़ों लोगों को गुलाटी के गुर्गों ने फंसाया था। लोग 35-35 लाख रुपये के बाउंस चेक लिए चक्कर काट रहे हैं। कई लोग अब भी शिकायत से बच रहे हैं तो कुछ खुलकर सामने आ गए हैं। कन्हैया गुलाटी की कंपनी कैनविज की एक और जालसाजी वाली योजना फैमिली इंडिपेंडेंस मैजिक इनकम के बारे में निवेशकों ने शिकायत की है।
जिसमें बताया गया है कि कंपनी ने इसके तहत निवेश करने वाले को ढाई साल तक दो से तीन हजार रुपये प्रति माह देने का वादा किया था। कंपनी के झांसे में आकर लोगों ने इसमें खूब निवेश किया। कंपनी ने एक दो माह तक तक ही रिटर्न दिया, इसके बाद प्रतिमाह भुगतान रोक दिया। इस पर निवेशकों ने कंपनी के जिम्मेदारों से संपर्क किया। इसके बाद उन्हें कंपनी की ओर से पोस्ट डेटेड चेक थमा दिए गए। निर्धारित तारीख पर जब निवेशकों ने बैंकों में चेक लगाए तो उनके बाउंस होने का सिलसिला शुरू हो गया। थक हारकर निवेशकों ने पुलिस की शरण ली।
इस तरह की ठगी
देवरिया निवासी धर्मेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि अपनी गाढ़ी कमाई के 12 लाख से अधिक रुपये निवेश किया था। कंपनी ने उन्हें तीन माह में लगभग 2.84 लाख रुपये वापस किए। इसके बाद भुगतान रोक दिया। जब उन्होंने आपत्ति जताई तो वर्ष 2019 में उन्हें अक्तूबर 2023 में कैश होने वाले 9 लाख 33 हजार 759 रुपये के दो चेक थमा दिए। तय तिथि पर चेक लगाया तो बैंक ने उन्हें बताया कि यह खाता बंद हो गया है।
उन्होंने एनआई एक्ट का मुकदमा दाखिल किया। न्यायालय की ओर से जारी नोटिस पर कंपनी की ओर से कोई जवाब नहीं दिया जा रहा है। लखीमपुर खीरी के नीरज कुमार के 24 लाख रुपये फंसे हैं। कंपनी के विभिन्न सोशल मीडिया ग्रुप में जो पीड़ित निवेशक अपने साथ ठगी के बारे में बता रहे हैं, उनमें सर्वाधिक बिहार, झारखंड के हैं। यूपी, दिल्ली, मध्य प्रदेश व राजस्थान के लोगों ने भी अलग-अलग प्लान में निवेश कर रखा है।