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सरोवर में डूबकर बेटे की मौत: घर में बिजली न पंखा, गर्मी से निजात पाने के लिए मजदूर पिता संग आया था मासूम

Mon, 03 Jun 2024 10:37 AM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

सार

बरेली के धोपेश्वर नाथ मंदिर के सरोवर में रविवार को 10 साल के बच्चे की डूबकर मौत हो गई। वह अपने पिता और भाई के साथ यहां आया था। नहाते समय सरोवर में डूब गया। बताया गया है कि पिता-पुत्र गर्मी से निजात पाने के लिए यहां आते थे। 
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इसी सरोवर में डूबने से हुई मौत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बरेली में गर्मी से निजात पाने के लिए धोपेश्वर नाथ मंदिर के सरोवर में नहाने आए दस साल के बच्चे की डूबकर मौत हो गई। बेबस पिता काफी कोशिश के बाद भी बेटे को बचा नहीं सका। गर्मी से परेशान पिता-पुत्र कुछ दिन से यहां आकर दिन काटते थे। इसी बीच रविवार को यह हादसा हो गया।

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बरकलीगंज गांव निवासी बाबूराम मजदूरी करके परिवार पालते हैं। उनकी दो बेटियों की शादी हो चुकी है। गरीबी से परेशान होकर उनकी पत्नी होली पर मायके चली गई थीं। घर में बाबूराम के साथ दस साल का बेटा राज और सात साल का बेटा शिवम रहते थे। घर में बिजली नहीं है। भीषण गर्मी में तीनों परेशानी झेल रहे थे। इसलिए चार-पांच दिन से बाबूराम दोनों बेटों को साथ लेकर धोपा सरोवर आने लगे।

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बताते हैं कि तीनों पिता-पुत्र दोपहर का वक्त धोपा सरोवर में नहाकर और मंदिर में बैठकर काटते थे। शाम को घर चले जाते थे। रविवार को भी तीनों साथ आए थे। शाम छह बजे बाबूराम का ध्यान भटक गया। इस बीच राज नहाते वक्त सरोवर में डूब गया। 

पिता ने सरोवर से बेटे को निकाला 
जब लोगों ने शोर मचाया तो बाबूराम बेटे को बचाने सरोवर में कूदे। बेटे को बाहर निकालकर उसका पेट दबाकर पानी निकालने की कोशिश की, फिर उसे लेकर जिला अस्पताल गए। वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। निराश बाबूराम शव मोर्चरी में रखवाकर चले गए। बाबूराम की तलाश में अस्पताल पहुंचे कैंट थाने के दरोगा प्रदीप सैनी ने बताया कि सोमवार को शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
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मंदिर प्रबंधन ने दी है हिदायत
श्री धोपेश्वर नाथ मंदिर कमेटी से जुड़े सतीश मेहता ने बताया कि जलाशय में साढ़े चार फुट पानी है। चूंकि, यहां स्नान का कोई शुल्क नहीं है, इसलिए काफी संख्या में लोग यहां आने लगे हैं। मंदिर प्रबंधन अलग से मोटर चलाकर सरोवर में पानी भी भरवाता है। बच्चों को न लाने और निगरानी में नहाने के लिए पुजारी व सेवादार लगातार कहते रहते हैं। अचानक हुए हादसे पर अफसोस जताया।
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