जाम से राहत देने को शहामतगंज फ्लाईओवर के लिए अगले सप्ताह से काम शुरू हो जाएगा। सबसे पहले सीवर लाइन, पाइप लाइन और बिजली के तारों की शिफ्टिंग शुरू होगी। शुक्रवार को मेयर के साथ सेतु निगम के अधिकारियों ने मौका मुआयना कर स्थिति समझी। कैंप कार्यालय के लिए एडी हेल्थ से मुलाकात कर जगह मांगी गई है।
मानसिक अस्पताल गेट से लेकर बारादरी थाने तक शहामतगंज फ्लाईओवर बनाया जाना है। 44 करोड़ रुपये इसकी लागत तय की गई है। अभी 30.3 करोड़ रुपये मंजूर किये गए हैं। पिछले दिनाें मुख्यमंत्री ने 10 करोड़ रुपये जारी कर फ्लाईओवर बनाने का काम शुरू करने को हरी झंडी दे दी है। शुक्रवार को मेयर डॉ. आईएस तोमर सेतु निगम के परियोजना प्रबंधक विकास सेन और एई वीके मौर्या के साथ मौके पर पहुंचे। मानसिक अस्पताल के पास से पुल शुरू होना है, जिसका मुआयना किया गया। फ्लाईओवर के लिए कैंप कार्यालय बनाया जाना है। इसके लिए एडी हेल्थ कार्यालय के परिसर के बाहर खाली जमीन को सही पाया गया। मेयर ने एडी हेल्थ डॉ. अनीता दत्त से मुलाकात कर कैंप कार्यालय के लिए जमीन मांगी है। अनीता दत्त ने कोई आपत्ति न जताते हुए इसकी मंजूरी दे दी है। सेतु निगम के सहायक अभियंता वीके मौर्य ने बताया कि ऑफिस के लिए जगह देख ली गई है। फ्लाईओवर की डिजाइन बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। अगले सप्ताह से सीवर, पानी और बिजली लाइनाें को शिफ्ट करने का काम शुरू होगा।
फ्लाईओवर का विरोध
फ्लाईओवर बनने पर शाहदाना में कई लोगों के घर इसकी चपेट में न आ जाए इसके लिए लोग डरे हुए हैं। शुक्रवार को सभी उपसभापति रेहान अली के घर पहुंच गए। कुछ लोगों का कहना है कि पुल बने लेकिन घर न टूटे। उप सभापति ने इस संबंध में एक पत्र कमिश्नर को भेजा है। शहदाना मर्चेंट एसोसिएशन के हरीश मलकानी, हाजी अजीमुल्ला, रुख्सार हुसैन बबलू, जरगाम अली, महेंद्र लोधी, गौरव गुप्ता आदि ने फ्लाईओवर निर्माण का विरोध करते हुए अगर शहदाना मार्केट से चार पहिया वाहनों का आवागमन बंद कर दिया जाए तो जाम नहीं लगेगा। यहां ओवरब्रिज की कोई जरूरत नहीं है।
अभी नहीं होगी तोड़फोड़
सेतु निगम के सहायक अभियंता वीरेंद्र कुमार मौर्य ने बताया कि शहामतगंज में फ्लाईओवर निर्माण के लिए प्रथम चरण में केवल बिजली, पाइप लाइन और सीवर लाइन की शिफ्टिंग का काम होगा। किसी की न तो दुकानें तोड़ी जाएंगी और न ही घर।