फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ममता आश्रम से भागी संवासिनी

Mon, 15 Feb 2016 01:47 AM IST
बरेली
विज्ञापन
विज्ञापन
बरेली। मानसिक मंदित ममता आश्रम से एक संवासिनी दीवार फांदकर भाग गई। वह उड़ीसा के भुवनेश्वर की रहने वाली है। 25 वर्षीय संवासिनी के अचानक गायब होने से हड़कंप मच गया है। उसको रेलवे और बस स्टेशन पर ढूंढा जा रहा है।
विज्ञापन

हरुनगला स्थित मानसिक मंदित ममता आश्रम में 46 लड़कियां और दो बच्चियां रहती हैं। सभी मानसिक रूप से मंदित हैं। शुक्रवार दोपहर का खाना खाने के बाद स्टाफ अन्य कार्यों में व्यस्त हो गया। दो होमगार्ड भी किसी काम में लगे थे। इसी दौरान मौका पाकर संवासिनी भाग गई। शाम को जब गिनती हुई तो स्टाफ के होश उड़ गए। बताया यह जा रहा है कि आश्रम का गेट हमेशा बंद रहता है, इसलिए उसके दीवार फांदकर भागने की आशंका जताई जा रही है। लड़की उड़ीसा के भुवनेश्वर की रहने वाली है। वह मेरठ से 15 नवंबर, 2015 को यहां लाई गई थी। लड़की के माता-पिता भी भुवनेश्वर में ही रहते हैं। मेरठ से उसके घर का पता जानने के लिए कई बार आश्रम की ओर से पत्र भी लिखा जा चुका है, लेकिन पूरा पता न होने से घर पर संपर्क नहीं हो पाया है। लड़की को ढूंढने के लिए बिथरी थाने में सूचना दे दी गई है। साथ ही जीआरपी और बस स्टेशन पर भी पुलिस से सहायता मांगी गई है। लड़की के बाल घुंघराले हैं और वह लाल रंग का स्वेटर पहने है।
चार फीट की दीवार से कैसे न भागे संवासिनी
ममता आश्रम में सिर्फ चार फीट ऊंची चहारदीवारी है। यह भी इतनी जर्जर हो चुकी है कि जगह-जगह गड्ढे जैसी जगह बन चुकी है। इनका इस्तेमाल कर कोई भी आसानी भाग सकता है। वहीं, नारी निकेतन की दीवार 15 फीट ऊंची है। वहीं, सुरक्षा के लिए यहां दो होमगार्ड तैनात रहते हैं, लेकिन वे भी 24 घंटे नहीं रह पाते हैं।
विज्ञापन


संवासिनी के आश्रम से भागने की सूचना पुलिस को दे दी गई है। साथ ही इन्हें ढूंढा भी जा रहा है। दीवार कम ऊंची है और होमगार्ड भी कम है। इन दोनों ही बातों से प्रशासन को अवगत कराया जा चुका है।
विज्ञापन

- नवीन जौहरी, अधीक्षक, मानसिक मंदित आश्रम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें