घर में घुसकर महिला पर जानलेवा हमला करने और बचाने आई उसकी पुत्रवधू को पीटने के मामले में तीन दोषियों को अपर सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय रवि कुमार दिवाकर ने सात-सात साल कैद की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक दोषी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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घटना तीन अगस्त 2023 को सिरौली थाना क्षेत्र के गांव शिवपुरी में हुई थी। आशा देवी ने पुलिस को बताया था कि सुबह करीब 10 बजे गांव के ही अनमोल, सोनू, कुलदीप व गीता लाठी डंडे लेकर आ गए और उसके साथ गाली गलौज करने लगे। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट करने लगे। बचाने आई उसकी पुत्र वधू मछला को भी मारपीट कर घायल कर दिया। गांव के लोगों ने उन्हें बचाया। उसकी पुत्रवधू को गुम व सिर में खुली चोटें आई थी। पुलिस ने मामले की शिकायत पर रिपोर्ट दर्ज कर ली।
11 जुलाई 2024 को आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया गया। न्यायालय ने गवाहों को सुनने के बाद कुलदीप को मामले में संलिप्त नहीं पाया। अभियोजन की ओर से न्यायालय में कुल आठ गवाह पेश किए गए। साक्ष्य के रूप में 10 दस्तावेज पेश किए गए। न्यायालय ने मेडिकल रिपोर्ट का अवलोकन करने और एक्स-रे रिपोर्ट में हड्डी टूटी हुई पाने पर दोषी मानते हुए गीता, सोनू और अनमोल को सजा सुनाई है।