फरीदपुर। हेल्पलाइन नंबर 112 पर मामा के लापता होने की सूचना देना युवक को महंगा पड़ गया। नाराज फरीदपुर पुलिस ने शिकायतकर्ता कॉलर व उसके मामा को हिरासत में लेकर हवालात में बंद कर दिया। 20 घंटे बाद दोनों का शांति भंग में चालान कर दिया। पीड़ित परिवार ने पुलिस की कार्यशैली की शिकायत पुलिस क्षेत्राधिकारी से की है।
थाना क्षेत्र के गांव कंजा इलाका पिपरथरा निवासी राहुल का मामा अजय पाल शनिवार सुबह बरेली गया था। वह शहर में भटक गया और उसने अपने भांजे राहुल को फोन कर अपने भटकने की सूचना दी। राहुल ने यूपी 112 से भटके हुए मामा को राह दिखाने के लिए मदद मांगी। उसी दिन शाम को राहुल ने शहर जाकर अपने मामा को खोज लिया। अजय पाल को लेकर अपने गांव कंजा जा रहा था। तभी पुलिस ने दोनों को पकड़कर हवालात में बंद कर दिया। क्योंकि उसने अजय पाल को खोजवाने के लिए मदद मांगी थी।
इसी के चलते पीड़ितों को पुलिस ने हवालात में बंद कर दिया। 20 घंटे हवालात में रखने के बाद शांति भंग में चालान कर दिया। इधर, फरीदपुर सीओ आशुतोष शिवम ने बताया कि झूठी अपहरण की सूचना दी थी। दोनों को शाम को बरामद कर लिया गया। शराब के नशे में प्रतीत हो रहे थे। इसीलिए शांति भंग की कार्रवाई की गई। संवाद