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UP: अनुसूचित जाति के बच्चों से लगवाते हैं झाड़ू, हैंडपंप से नहीं पीने देते पानी, प्रधानाध्यापक पर लगे आरोप

Wed, 12 Feb 2025 11:27 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली

सार

बरेली जिले के कंपोजिट विद्यालय के प्रधानाध्यापक पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। आरोप है कि प्रधानाध्यापक अनुसूचित जाति के छात्रों से भेदभाव करते हैं। उन्हें नल पानी तक नहीं लेने देते हैं। 
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जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से की गई शिकायत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बरेली के सिरौली क्षेत्र के ब्योधन खुर्द गांव स्थित कंपोजिट विद्यालय के प्रधानाध्यापक पर अनुसूचित जाति के बच्चों से भेदभाव का आरोप लगाकर शिकायत बीएसए से की गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रधानाध्यापक कई-कई दिन तक विद्यालय नहीं आते। ऐसे में पठन-पाठन प्रभावित हो रहा है। 

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विद्यालय में तैनात सहायक अध्यापक पर एक बच्चे को पीटने और शिकायत लेकर आने वाले परिजनों के साथ ही उनसे भी अभद्रता का आरोप लगाकर आठ फरवरी को प्रधानाध्यापक ने बीईओ को पत्र दिया था। ऐसे में गांव में चर्चा है कि शिक्षकों के विवाद में ही ग्रामीणों से शिकायत कराई गई है। 

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) को भेजे गए पत्र पर ग्राम प्रधान देवेंद्र के साथ ही कई अन्य ग्रामीणों के हस्ताक्षर हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानाध्यापक स्कूल जाने वाले अनुसूचित जाति के बच्चों से भेदभाव करते हैं। उनसे विद्यालय में झाड़ू लगवाई जाती है। यहां लगे हैंडपंप से पानी तक नहीं पीने दिया जाता। 

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प्रधानाध्यापक बोले- सभी आरोप निराधार 
कई-कई दिन विद्यालय न आने के बाद भी वह फर्जी तरीके से उपस्थिति दर्शा देते हैं। समय से विद्यालय भी नहीं आते। उन्होंने मामले की जांच कराकर प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। मामले में प्रधानाध्यापक मनमीत सिंह ने सभी आरोप निराधार बताए। कहा कि स्कूल में सहायक अध्यापक ने एक बच्चे को पीटा था। जब अध्यापक ने उन्हें ऑफिस में बुलाकर समझाया तो वह धमकाने लगे। प्रधानाध्यापक ने प्रधान पर भी आरोप लगाए हैं। 

बीएसए संजय सिंह ने बताया कि मामला जानकारी में नहीं है। ग्रामीणों का पत्र भी मुझे नहीं मिला। इसका संज्ञान लेकर जांच कराई जाएगी। शिक्षा के मंदिर में किसी से भेदभाव की इजाजत नहीं है। 

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