सम्मान निधि लेने वाले अपात्रों से होगी वसूली
कृषि विभाग के अधिकारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में जो अपात्र मिले हैं, उनका घर-घर जाकर सत्यापन कराने की योजना बन रही है। इस संबंध में अभी शासन से विस्तृत निर्देश जारी होने शेष हैं। निर्देश प्राप्त होने के बाद स्थिति साफ होगी कि अपात्र मिले लोगों के विरुद्ध क्या कार्रवाई होगी। लेकिन, यह साफ है कि जिन अपात्रों ने गलत तरीके से किसान सम्मान निधि का लाभ उठाया है, उनसे वसूली की कार्रवाई की जाएगी। योजना में किसानों को प्रत्येक वर्ष छह हजार रुपये सम्मान निधि के तौर पर मिल रहे हैं।
सत्यापन में अपात्र मिले 10,430 दंपत्ति
उप कृषि निदेशक ने बताया कि अब तक 18 वर्ष से कम आयु वाले व पति-पत्नी की लिस्ट आई है। 18 वर्ष से कम आयु वाले सभी 627 संदिग्ध जांच में अपात्र मिले। वहीं, 12,430 की लिस्ट में 10,430 लोगों का सत्यापन हुआ है। इसमें पति-पत्नी दोनों योजना का लाभ लेते पाए गए। शेष दो हजार लोगों के डाटा का सत्यापन किया जाना बाकी है।
यह भी जानें
- अगस्त 2024 में 5,45,465 किसानों को सम्मान निधि मिली।
- 22 फरवरी 2025 को 2,82,735 किसानों को लाभ मिला।
- 02 अगस्त 2025 को 1,95,719 किसानों को सम्मान निधि मिली।
उप कृषि निदेशक अमर पाल सिंह ने बताया कि बड़ी संख्या में लाभार्थियों की पीएम किसान सम्मान निधि रोकी गई है। जिनको लाभ लेने से रोका गया है, उनका सत्यापन कराया जाएगा। इसमें जो अपात्र मिलेंगे, उनसे वसूली की जाएगी।