मंत्री ने करीब महीने भर से खुदी पड़ी सड़क से मिट्टी हटाने को कहा तब घंटों बाद असर दिखाई पड़ा
बरेली। सिस्टम इस कदर बेहाल हो चुका है कि गाहे-बगाहे हर कोई समस्याओं के जंजाल में फंस ही जाता है। महीना भर पहले नगर निगम ने केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार के दफ्तर से कोहाड़ापीर जाने वाली सड़क के किनारे नाला बनाने को खुदाई कराकर मिट्टी रास्ते में ही डाल दी। इसके बाद यहां जाम लगने के साथ ही हादसों का सिलसिला शुरू हुआ तो आखिरकार खुद केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार को नगर आयुक्त को फोन पर खटखटाना पड़ा। मंत्री के नाराजगी जताने के कई घंटों बाद नगर निगम की टीम ने यहां से मलबा उठवाना शुरू किया।
नगर निगम ने एक महीने पहले केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार के कार्यालय से कोहाड़ापीर की दिशा में केडीएम स्कूल की दीवार से सटकर नाला बनाने के लिए खुदाई कराई थी। खुदाई होने के बाद पता चला कि नीचे सीवर, बिजली और पानी की लाइनें हैं तो ठेकेदार ने खुदाई और निर्माण रोक दिया लेकिन खुदाई में निकली मिट्टी भी सड़क पर ही पड़ी छोड़ दी। इसके बाद सड़क पर जाम लगने के साथ अक्सर हादसे होने लगे तो एसपी ट्रैफिक ने यहां डबल शिफ्ट में पुलिस वालों की ड्यूटी लगाकर नगर निगम को जल्द मिट्टी हटवाने के लिए पत्र लिखा लेकिन कई पत्र लिखे जाने के बाद भी नगर निगम के अफसरों ने उनका संज्ञान नहीं लिया। यह भी परवाह नहीं की कि मिट्टी उस रास्ते पर पड़ी छोड़ दी गई है जिस पर केंद्रीय मंत्री का कार्यालय होने के कारण खुद उनका भी आना-जाना है।
रविवार को अमर उजाला में प्रमुखता से यह खबर छपने के बाद सुबह केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार ने भाजपा नेता गुलशन आनंद और ललित अवस्थी को मौके पर स्थिति देखने भेजा। इसके बाद उन्होंने नगर आयुक्त अभिषेक आनंद को फोन कर नाराजगी जताई। इसके बाद नगर आयुक्त ने जूनियर इंजीनियर राजीव शर्मा को मौके पर रवाना किया। शाम पांच बजे के बाद सड़क पर पड़े मलबे की सफाई शुरू हुई लिहाजा पूरा मलबा नहीं उठ पाया। सोमवार सुबह फिर यहां सफाई की जाएगी।
फिसलकर गिरी स्कूटी पर जाती महिला तो दौड़कर उठाने पहुंचे भाजपा नेता
नगर निगम की टीम जिस वक्त सड़क पर डाली गई मिट्टी उठा रही थी, उसी दौरान प्रेमनगर से कोहाड़ापीर की ओर स्कूटी से जा रही एक महिला मिट्टी पर स्कूटी फिसल जाने की वजह से गिर गई। इत्तफाक से इस दौरान भाजपा नेता भी केंद्रीय मंत्री के कार्यालय के बाहर मौजूद थे। उन्होंने महिला को गिरते देखा तो दौड़कर उठाने पहुंचे। इस हादसे में महिला को काफी चोट भी लग गई। आसपास दुकानदारों ने बताया कि इस तरह के हादसे यहां लगभग रोजाना होते हैं। सड़क पर पड़ी धूल-मिट्टी उड़ने से खुद उन्हें भी काफी दिक्कत झेलनी पड़ रही है लेकिन नगर निगम सुन ही नहीं रहा था।