लोग बोले- टिकट कटने का दर्द छलका
लोग कहने लगे कि अबकी बार संघमित्रा का टिकट काटकर भाजपा ने दुर्विजय सिंह को उम्मीदवार बनाया है। इसलिए संघमित्रा की आंखों में आंसू आए लेकिन खुद संघमित्रा ने इसे गलत ठहराया। अमर उजाला से बातचीत में संघमित्रा ने कहा कि यह सही है कि मुख्यमंत्री के आने के पहले मेरी आंखों में आंसू आ गए थे लेकिन इसका सियासी मतलब नहीं है। मेरे बगल में राज्यमंत्री गुलाब देवी थीं। वो मुझे राजा दशरथ की कहानी सुना रही थीं। कहानी सुनाते-सुनाते कुछ भावनात्मक पल आया, जिसकी वजह से आंसू आ गए थे। इसके अर्थ न निकाले जाएं। बता दें कि संघमित्रा मौर्य स्वामी प्रसाद मौर्य की बेटी हैं। भाजपा ने इस बार उनकी जगह बदायूं से दुर्विजय सिंह शाक्य को उम्मीदवार बनाया है।