बरेली। सुभाषनगर निवासी युवक की घर में संदिग्ध हालत में मौत के बाद गांव से आए रिटायर्ड सैन्यकर्मी पिता ने हत्या की आशंका जताकर चिता से शव उठवा दिया। पोस्टमार्टम में भी मौत की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी। जहर की आशंका में विसरा सुरक्षित किया गया है। शाम ढले शव की अंत्येष्टि कर दी गई।
सुभाषनगर थाना क्षेत्र के पटेल नगर निवासी अभिषेक सक्सेना (24) एक होटल में कर्मचारी थे। वह बचपन से ननिहाल में मां मोहिनी सक्सेना व बहन के साथ रहते थे। बताते हैं कि अभिषेक की मां व पिता छवेंद्र सक्सेना का कई वर्षों से विवाद चल रहा है। छवेंद्र रिटायर्ड सैनिक हैं और पैतृक गांव लंगूरा में रहकर खेतीबाड़ी करते हैं। पड़ोसियों के मुताबिक मंगलवार रात अभिषेक होटल से लौटे। रात में उनकी हालत बिगड़ गई। नाक व मुंह से खून बहने लगा। मां व परिवार के लोग उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे पर तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
बुधवार दोपहर बाद अभिषेक के शव को सिटी श्मशान भूमि ले जाया गया था। इस बीच पिता छवेंद्र सक्सेना सुभाषनगर पुलिस को साथ लेकर पहुंचे। उन्होंने बेटे की हत्या की आशंका जताई। पिता व ननिहाल पक्ष में खासी बहस हुई। विवाद बढ़ता देख पुलिस ने शव चिता से उठवा लिया। फिर पंचनामा भरकर पोस्टमॉर्टम कराया गया। इसमें जहर की आशंका में विसरा सुरक्षित कर दिया गया। सुभाषनगर थाने के इंस्पेक्टर क्राइम राजबली सिंह ने बताया कि पोस्टमॉर्टम में मौत वजह साफ नही हो सकी। परिवार चाहेगा तो विसरा का परीक्षण करा लिया जाएगा।