प्रभा सिनेमा के सामने और बरेली कॉलेज रोड से हो रही आवाजाही
बरेली। कोरोना के ज्यादा मामले निकलने के बाद रामपुर बाग को करीब महीने भर पहले सील किया गया था। इसके बाद प्रशासन ने तो यहां का कंटेनमेंट जोन खत्म कर दिया लेकिन लोगों ने अब भी लॉकडाउन लगा रखा है। कोरोना से भयभीत हुए लोगों ने प्रशासन की बल्लियां हटने के बाद विकास भवन मार्ग से रामपुर गार्डन में अंदर जाने वाले सभी सात मार्ग खुद ही बंद कर लिए। तभी से ये सारी गलियां बंद हैं। इस वजह से श्यामगंज की ओर से सिविल लाइंस जाने वाले लोगों को चौकी चौराहा से घूमकर जाना पड़ रहा है।
लॉकडाउन लगने के बाद अस्पताल में भर्ती एक महिला के कोरोना पॉजिटिव निकलने के बाद रामपुर गार्डन को कंटेनमेंट जोन घोषित करके सील किया गया था। इसके बाद मामले बढ़े तो रामपुर गार्डन में सख्ती बढ़ती गई और यहां की गलियों को खोला ही नहीं गया। करीब दस दिन पहले प्रशासन ने यहां कंटेनमेंट जोन को खत्म कर रामपुर गार्डन से अपनी बल्लियां समेट ली थीं। क्षेत्रीय पार्षद राजेश अग्रवाल के मुताबिक गलियां खुलीं तो वहां ऑटो, टेंपो और ट्रैक्टर-ट्रॉली वाले घुसने लगे। इस पर वहां के लोगों ने विकास भवन की ओर से रामपुर गार्डन में अंदर जाने वाली सभी सात गलियां खुद ही बंद कर दीं। तभी से यह सभी गलियां बंद हैं।
चौकी चौराहा-बरेली कॉलेज और प्रभा सिनेमा मार्ग से प्रवेश
विकास भवन की ओर से सारी गलियों को बंद कराने के बाद रामपुर गार्डन में आवाजाही के लिए प्रभा सिनेमा के सामने से और चौकी चौराहा से बरेली कॉलेज मार्ग पर पड़ने वाली गलियों को खोल दिया गया है। अब इन्हीं सड़कों से लोग रामपुर गार्डन में आ-जा रहे हैं।
खुद आने-जाने को लोग खुलवाते हैं गली
रामपुर गार्डन में लोगों ने जगह-जगह सुरक्षाकर्मी भी लगा रखे हैं। जब यहां रहने वाले लोगों को विकास भवन मार्ग की ओर जाना होता है तो वे लोग गार्ड से गली का गेट खुलवाकर चले जाते हैं। बाकी समय गेट पर ताला ही पड़ा रहता है। इसके अलावा कभी इमरजेंसी में कोई मरीज अगर इधर पहुंच जाता है तो गार्ड गेट खोल देते हैं।
गेट पर ताला, गलियों में वाहन
रामपुर बाग के स्थानीय निवासियों ने गलियों के गेट पर ताला लगवाने के बाद उन्हें पार्किंग में तब्दील कर दिया है। गलियों में जगह-जगह लोगों के वाहन खड़े हैं, कुछ अस्पतालों ने भी सड़क पर ही पार्किंग बना दी है, जिसके चलते प्रभा सिनेमा के सामने वाले मार्ग पर कई बार जाम की स्थिति भी बन जाती है।
कोरोना को लेकर लोग डरे हुए हैं। रामपुर गार्डन में प्रशासन की ओर से लॉकडाउन नहीं है लेकिन गली खुलते ही वहां से ऑटो, टेंपो और ट्रैक्टर-ट्रॉली निकलने लगते हैं। इसकी वजह से वहां के लोगों ने खुद ही सड़कें बंद कर रखी हैं। - राजेश अग्रवाल, पार्षद, रामपुर बाग
लॉकडाउन के दौरान रामपुर बाग की गलियां बंद की गई थीं, उसके बाद से आज तक गेट का ताला नहीं खोला गया। लोग दूसरी तरफ से अंदर आ-जा रहे हैं। - राजेश कुमार, चाय विक्रेता, रामपुर बाग
बेवजह की आवाजाही रोकने के लिए गेट बंद किए गए हैं। कालोनी से कोई बाहर जाता है तो ताला खोल देते हैं या फिर कभी कोई मरीज आता है तो ताला खोलते हैं। - मनोज कुमार, सुरक्षा गार्ड, रामपुर बाग।