दबतोरी (बदायूं)। बरेली-चंदौसी रेल रूट पर अब जल्द इलेक्ट्रिक इंजन की रेलगाड़ियों का संचालन शुरू होने की उम्मीद है। ट्रेनों का संचालन शुरू होने के बाद इस रेल रूट पर बिसौली तहसील के लोगों को काफी फायदा होगा। तहसील में इस रेल रूट पर चार रेलवे स्टेशन आते हैं। रेलवे सूत्रों ने बताया कि सीआरएस ने ट्रेनों के संचालन के संबंध में संस्तुति करके फाइल रेलवे बोर्ड को भेज दी है।
बरेली-चंदौसी रेल रूट के विद्युतीकरण को 2018 में स्वीकृति मिली थी।
इसके बाद रेल रूट पर 2019 में काम शुरू हो गया था। चंदौसी से आंवला तक विद्युतीकरण का काम पूरा हो गया था, लेकिन आंवला से बरेली के बीच काम में कुछ देरी हुई। सीआरएस ने दो चरणों में रेल रूट का निरीक्षण किया था। पहले चरण में चंदौसी से आंवला और दूसरे में आंवला से बरेली रूट का निरीक्षण किया गया। इस रेल रूट पर बदायूं की बिसौली तहसील के सिसरका, आसफपुर, दबतोरी और करेंगी रेलवे स्टेशन आते हैं। रेल रूट पर लंबे समय से ट्रेनों का संचालन बंद है। ऐसे में यहां के लोगों को बरेली और मुरादाबाद जाने के लिए सड़क मार्ग का इस्तेमाल करना पड़ता है।
अब इस रूट पर इलेक्ट्रिक इंजन की ट्रेनों का संचालन होने के बाद बिसौली के लोगों को काफी फायदा मिलेगा। इससे यहां व्यापारिक गतिविधियां तो बढे़ंगी ही साथ ही लोगों को आसानी से लंबी दूरी की ट्रेनें भी मिलने लगेंगी। रेल रूट पर इलेक्ट्रिक इंजन से ट्रेनों के संचालन को अब सिर्फ रेलवे बोर्ड की अनुमति मिलनी बाकी है।