बरेली। विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के लिए मतदान के बाद घर लौट रहे पुलिस वालों के जंक्शन पर हंगामा मचाने और ट्रेनों में यात्रियों से बदसलूकी करने के मामले में रेल मुख्यालय ने रेलवे इंटेलिजेंस से रिपोर्ट मांगी है। इंटेलिजेंस को पुलिस वालों के चेन पुलिंग करने से लेट हुई ट्रेनों और जंक्शन पर हुई अव्यवस्थाओं का पूरा विवरण देने को कहा गया है।
दूसरे चरण का मतदान सोमवार को हुआ था जिसमें प्रदेश भर के पुलिस के जवानों को चुनाव ड्यूटी पर भेजा गया था। मतदान के बाद रात में घर लौटते वक्त पुलिस के जवानों ने जंक्शन पर जमकर हंगामा किया था। लखनऊ मेल, दिल्ली, फैजाबाद, पद्मावत, काशी विश्वनाथ और बाघ एक्सप्रेस समेत तमाम ट्रेनों को उन्होंने चेन पुलिंग कर रोके रखा और यात्रियों को पीछे धकेलकर सीटों पर कब्जा कर लिया। तमाम यात्रियों को रिजर्वेशन के बावजूद खड़े होकर यात्रा करनी पड़ी थी। कई यात्री ट्रेन में ही सवार नहीं हो पाए थे।
पुलिस वालों ने टीटीई और ट्रेनों के साथ चलने वाले स्क्वाड से भी बदसलूकी की। रेलवे अधिकारियों की सूचना पर देर रात आरपीएफ और जीआरपी के साथ सिविल पुलिस को जंक्शन पर तैनात किया गया लेकिन पुलिस वालों की संख्या इतनी ज्यादा थी कि वे भी यात्रियों को समझाने के अलावा कुछ नहीं कर सके। यात्रियों को यही असुविधा मुरादाबाद में भी झेलनी पड़ी।
रेल मुख्यालय ने इस मामले में सख्त रवैया दिखाते हुए रेलवे इंटेलिजेंस से पूरे घटनाक्रम की रिपोर्ट तलब की है। इस रिपोर्ट में इंटेलिजेंस को साफ तौर पर बताने को कहा गया है कि बरेली जंक्शन पर अव्यवस्थाएं किस तरह फैली हैं। पुलिस के जवानों के हंगामे और चेन पुलिंग की वजह से कौन-कौन सी ट्रेनें देर से रवाना हो पाईं।