बरेली। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने बाराबंकी के रामस्वरूप मेमोरियल विश्वविद्यालय में हुए कार्यकर्ताओं पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। इसके बाद सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों और कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने अवैध रूप से लाठीचार्ज किया।
एबीवीपी के महानगर मंत्री आनंद कठेरिया ने घटना को अत्यंत निंदनीय व अमानवीय बताया। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में विधि पाठ्यक्रम (लॉ कोर्स) का संचालन अनुमति और नवीनीकरण के बिना ही किया जा रहा था। बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने अभी हाल ही में विश्वविद्यालय को सशर्त (प्रोविजनल) अनुमति दी है, जो इस बात का सबूत है कि यह पाठ्यक्रम पहले अवैध रूप से चल रहा था।
एबीवीपी की विभाग संगठन मंत्री अवनी यादव ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ जांच कराने, लाठीचार्ज में शामिल पुलिसकर्मियों और बाहरी गुंडों पर मुकदमा दर्ज कर कठोर कार्रवाई किए जाने की मांग की है। श्रेयांश वाजपेई ने प्रदर्शन में शामिल दो छात्रों को नोटिस के बिना निष्कासित किए जाने व छह बीघा भूमि अवैध रूप से कब्जाने के मामलों की भी जांच की मांग की है। 48 घंटों में कार्रवाई नहीं होने पर प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करने की धमकी दी है। इस दौरान दीपांशु चौधरी, विपिन शर्मा, निखिल चौधरी, हर्षित चौधरी, माधव महेश्वरी, नितिन चौधरी, हर्षित यादव, केशव कनौजिया, लकी शर्मा आदि मौजूद रहे।