बरेली। भोजीपुरा स्थित प्राइम ट्रेडर्स पर चल रहे जीएसटी छापा के दौरान दस्तावेजों की जांच में झारखंड, असम और मध्य प्रदेश की बोगस फर्मों से टिंबर खरीद का पता चला है। प्राथमिक जांच के बाद करीब 30 लाख रुपये जीएसटी चोरी की पुष्टि पर कारोबारी से सात लाख जमा कराए गए हैं।
जीएसटी अपर आयुक्त ग्रेड-1 आशीष निरंजन के अनुसार, एसआईबी के उपायुक्त रोहित मालवीय के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम ने भोजीपुरा की प्राइम ट्रेडर्स की जांच शुरू की थी। संबंधित फर्म की ओर से पोर्टल पर झारखंड, असम, मध्य प्रदेश से खरीद दर्शाई जा रही थी। सघन जांच में प्रदेश के बाहर की सभी फर्में बोगस मिलीं। तब टीम भेजी गई। बृहस्पतिवार से चल रही जांच शुक्रवार देर शाम थमी। टीम सभी इलेक्ट्रॉनिक, मैन्युअल डेटा जब्त कर साथ ले गई है।
बताया कि फर्म प्लाईवुड टिंबर का कारोबार करती है। साथ ही, बड़े टिंबर कारोबारियों को फर्जी बिल बनाकर उनसे मोटा कमीशन लेते हैं। ऐसे में जिन-जिन फर्मों के नाम से बिल बनाए गए हैं या इनपुट टैक्स क्रेडिट पासऑन किया गया है, वे भी संदिग्ध हैं। रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है।
सप्ताह भर में कारोबारी से मांगे दस्तावेज
प्राइम ट्रेडर्स फर्म के संचालक को कारोबार संबंधी सभी दस्तावेज लेकर सप्ताहभर में जीएसटी एसआईबी कार्यालय में पहुंचाने की हिदायत दी गई है। देरी पर नियमानुसार कार्रवाई की चेतावनी भी दी है। अपर आयुक्त के मुताबिक, जिले में कई ट्रेडिंग कंपनियां बोगस फर्मों से कारोबार दर्शाकर उन्हें आईटीसी पासऑन कर जीएसटी चोरी कर रही हैं। सभी के रिकॉर्ड खंगालने के निर्देश दिए गए हैं। गड़बड़ी प्रतीत होने पर कार्रवाई होगी।