बरेली। बेसिक शिक्षा विभाग ने इस बार परिषदीय विद्यालयों के छात्र-छात्राओं को नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के साथ ही पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराने के तैयारियां की हैं। विभाग का दावा है कि एक अप्रैल से शुरू हो रहे सत्र 2026-27 के पहले ही दिन बच्चों के बस्ते में सभी किताबें पहुंच जाएंगी।
सत्र 2025-26 में किताबों के वितरण में काफी देरी हुई थी। विद्यार्थियों को पुस्तकों के लिए जुलाई-अगस्त तक इंतजार करना पड़ा था। विभाग की कार्यप्रणाली पर अक्सर उठते सवालों को देखते हुए इस बार शासन स्तर से लेकर जिले तक काफी सख्ती बरती जा रही है। पिछले साल भी एक अप्रैल को नए सत्र के साथ किताबें तो पहुंचा दी गईं थी, लेकिन वह पूरी नहीं थीं।
इस बार जिले के स्कूलों के लिए कुल 27 लाख किताबों की मांग भेजी गई है। इनमें से अब तक लगभग 60 प्रतिशत पुस्तकें आ चुकी हैं। अब तक प्राप्त किताबों में से 35 प्रतिशत का भौतिक सत्यापन कार्य पूरा हो चुका है। इन्हें संबंधित ब्लॉकों में वितरण के लिए भी भेज दिया गया है। शेष 25 प्रतिशत किताबों का सत्यापन भी अगले दो से तीन दिनों के भीतर शुरू होने की उम्मीद है।
शासन ने इस बार प्रकाशकों पर भी कड़ा रुख अपनाया है। निर्देश दिए गए हैं कि यदि 22 मार्च के बाद किसी भी प्रकाशक ने किताबों की खेप भेजी, तो उन पर जुर्माना लगाया जाएगा। बीएसए डॉ. विनीता ने बताया कि विभाग का मुख्य लक्ष्य सत्र के पहले दिन से ही पढ़ाई सुचारू रूप से शुरू करना है।