डाक निदेशालय और चीफ पोस्टमास्टर जनरल कार्यालय से लगी फटकार के बाद रेलवे स्टेशनों पर डंप डाक बैगाें का निस्तारण शुरू हो गया है। अपनी खामी छिपाने के लिए पीएमजी कार्यालय ने सहायक डाक अधीक्षक समेत दो कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया है।
पिछले दो सप्ताह से रेलवे स्टेशनाें पर बैगों में बंद डाक का वितरण नहीं होने की लगातार शिकायतें आ रही थीं। अमर उजाला ने इसे प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद यूपी सर्किल चीफ पोस्टमास्टर जनरल ने इसे गंभीरता से लिया। सोमवार दोपहर पीएमजी आरबीके सिंह ने रेलवे जंक्शन में पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने डाक से भरे बैगाें का तेजी से निस्तारण करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सहायक डाक अधीक्षक रवि कुमार सिंह समेत दो कर्मचारियों को सस्पेंड करने के आदेश भी जारी कर दिए। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है। बताया जाता है कि इस अव्यवस्था के पीछे जो अधिकारी शामिल थे, उन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। आरएमएस (रेल डाक सेवा) अधीक्षक उमराव सिंह ने डाक वितरण न होने की बढ़ती शिकायतों के चलते फोन उठाना ही बंद कर दिया है।
लाखों स्पीड पोस्ट अब नहीं पहुंचे
बरेली और मुरादाबाद मंडल के रेलवे स्टेशनाें पर अब भी तीन लाख से अधिक स्पीड पोस्ट और रजिस्ट्री पत्र जमा है। इसमें राखी भी शामिल हैं। डाक विभाग ने फजीहत के बाद इसका निस्तारण शुरू किया है।
कोट
रेलवे स्टेशनों पर डंप डाक बैगों का निस्तारण तेजी से होगा। कई दिनों से डाक वितरण नहीं करने के आरोप में सहायक डाक अधीक्षक समेत दो कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया गया है। अन्य लोग भी चिह्नित किए जा रहे हैं।
-शंकर प्रसाद, निदेशक, डाक सेवाएं बरेली क्षेत्र